Latehar : रामनवमी जुलूस के बाद 18 लोगों पर दर्ज FIR को लेकर लातेहार जिले के बालूमाथ प्रखंड मुख्यालय में शुक्रवार को जोरदार विरोध देखने को मिला। हिंदू समाज के लोगों ने विरोध में बाजार बंद रखा और प्रशासन से केस वापस लेने की मांग की।
तीन अखाड़ों के 18 लोगों पर दर्ज हुई FIR
जानकारी के अनुसार, बालूमाथ में हर साल की तरह इस बार भी रामनवमी का जुलूस बड़े स्तर पर निकाला गया था, जो करीब 12 घंटे तक चला। जुलूस के बाद अलग-अलग मामलों में तीन अखाड़ों से जुड़े कुल 18 लोगों पर पुलिस ने FIR दर्ज की है।
बाजार बंद कर जताया विरोध
FIR की जानकारी मिलते ही हिंदू समाज के लोगों में नाराजगी फैल गई। बैठक के बाद यह निर्णय लिया गया कि विरोध में बाजार बंद रखा जाएगा। इसी के तहत शुक्रवार सुबह से ही बालूमाथ के सभी दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद रखीं और शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जताया।
केस वापस लेने की मांग
स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता मोनू कुमार ने कहा कि 18 लोगों पर दर्ज FIR को तत्काल वापस लिया जाए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि रामनवमी के दौरान एक पुलिस अधिकारी ने पूजा समिति के सदस्यों के साथ दुर्व्यवहार किया, जिस पर कार्रवाई की मांग भी की जा रही है।
शांति से हुआ त्योहार, फिर क्यों केस?
सांसद प्रतिनिधि प्रेम प्रसाद गुप्ता ने कहा कि रामनवमी का पर्व पूरी तरह शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ था। ऐसे में बाद में FIR दर्ज होना समाज के लोगों को समझ में नहीं आ रहा है। उन्होंने बताया कि समाज का एक प्रतिनिधिमंडल जल्द ही पुलिस अधिकारियों से मिलकर ज्ञापन सौंपेगा।
भाजपा नेता ने भी उठाए सवाल
वरिष्ठ भाजपा नेता उमेश सिंह ने भी सवाल उठाते हुए कहा कि सभी समुदायों के सहयोग से त्योहार संपन्न हुआ, फिर अचानक 18 लोगों पर केस क्यों दर्ज किया गया, यह स्पष्ट नहीं है।
पुलिस ने दी सफाई
इस मामले में थाना प्रभारी अमरेंद्र कुमार ने बताया कि FIR डीजे बजाने को लेकर नहीं, बल्कि अलग-अलग कानूनी कारणों के तहत दर्ज की गई है।
Also Read : धनबाद जेल में IG का औचक निरीक्षण, सुरक्षा और भोजन पर दिए सख्त निर्देश


