Close Menu
Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    • होम
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Home»स्वास्थ्य»व्रत में कुट्टू का आटा क्यों होता है इस्तेमाल… जानिए वजह
    स्वास्थ्य

    व्रत में कुट्टू का आटा क्यों होता है इस्तेमाल… जानिए वजह

    Team JoharBy Team JoharSeptember 22, 2025Updated:September 22, 2025No Comments2 Mins Read0
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    व्रत
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    Johar Live Desk : नवरात्रि, शिवरात्रि या अन्य व्रतों पर अक्सर कुट्टू की पूड़ी, पराठा या पकौड़ी खाने का रिवाज है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि सिर्फ कुट्टू का आटा ही क्यों खाया जाता है? क्या यह सिर्फ परंपरा है या इसके पीछे कोई वैज्ञानिक कारण भी छुपा है? आइए, इसे एक अलग अंदाज में समझते हैं।

    कुट्टू क्या है?

    कुट्टू अनाज नहीं, बल्कि एक फल है, जिसे अंग्रेज़ी में बकव्हीट (Buckwheat) कहते हैं। यह एक ऐसा पौधा है, जिसके तने लाल रंग के होते हैं और इसके फल तिकोने आकार के होते हैं। इन्हें सुखाकर पीसने से कुट्टू का आटा बनता है।

    कुट्टू का आटा कैसे बनता है?

    जब कुट्टू के फल पूरी तरह सूख जाते हैं, तो उन्हें साफ करके अच्छी धूप में सुखाया जाता है। इसके बाद इन्हें पीसकर महीन आटा बनाया जाता है, जो बाजार में आसानी से मिल जाता है।

    व्रत में कुट्टू क्यों?

    • धार्मिक मान्यता: व्रत के दौरान अनाज नहीं खाया जाता, कुट्टू फल होने के कारण इसे व्रत में खाने की अनुमति है।
    • ग्लूटेन-फ्री: कुट्टू में ग्लूटेन नहीं होता, इसलिए यह उन लोगों के लिए अच्छा विकल्प है जो ग्लूटेन से परहेज करते हैं।
    • ऊर्जा का अच्छा स्रोत: इसमें कार्बोहाइड्रेट होते हैं जो शरीर को ऊर्जा देते हैं और भूख को लंबे समय तक रोकते हैं।
    • पोषक तत्वों से भरपूर: कुट्टू में प्रोटीन, फाइबर, मैग्नीशियम, आयरन और विटामिन B कॉम्प्लेक्स जैसे तत्व होते हैं जो सेहत के लिए लाभकारी हैं।
    • पाचन में सहायक: इसमें मौजूद फाइबर पाचन क्रिया को बेहतर बनाता है और व्रत के दौरान पेट को हल्का रखता है।

    इसलिए कुट्टू का आटा व्रत के समय न केवल परंपरागत रूप से बल्कि स्वास्थ्य के लिहाज से भी सबसे उपयुक्त माना जाता है। अगली बार जब आप व्रत करें, तो कुट्टू की रेसिपी जरूर आजमाएं और सेहत का भी ख्याल रखें।

     

    ऊर्जा स्रोत कुट्टू कुट्टू का आटा कुट्टू पकौड़ी कुट्टू पूड़ी ग्लूटेन-फ्री नवरात्रि पाचन पोषण पौष्टिक आटा बकव्हीट भारतीय परंपरा व्रत व्रत का खाना व्रत के नियम व्रत के फायदे व्रत में खाना व्रत रेसिपी शिवरात्रि सात्विक भोजन स्वस्थ भोजन स्वास्थ्य
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleससुराल में फंदे पर लटकी मिली विवाहिता की बॉडी, पुलिस जुटी जांच में
    Next Article SC का जैकलीन फर्नांडीज को झटका, मनी लॉन्ड्रिंग केस में ED की FIR रद्द करने से इनकार

    Related Posts

    जोहार ब्रेकिंग

    जामताड़ा : सदर अस्पताल में डॉक्टरों की हड़ताल, ओपीडी ठप, बिना भर्ती लौटी गर्भवती

    July 17, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    जामताड़ा में प्रसूता और नवजात की मौत से बवाल, मरांडी ने सरकार को घेरा

    July 17, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    राज्य बनने के बाद स्वास्थ्य बजट 44 गुणा बढ़ा, सफर धक्के वाले एंबुलेंस तक ही, स्वास्थ्य व्यवस्था की 360 डिग्री पड़ताल करती रिपोर्ट

    July 17, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    खुशखबरीः एमबीबीएस की 10 हजार सीटें बढ़ीं, कुल 1.36 लाख सीटों के लिए होगी परीक्षा 

    July 16, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    मेडिकल पढ़ने का सपना हुआ आसान, रिम्स में बढ़कर हुई 250 एमबीबीएस सीटें

    July 15, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    उल्टी होने पर किया रेफर, धक्के के बाद भी चालू नहीं हुआ एंबुलेंस, थम गई मासूम की सांसें

    July 15, 2026
    Latest Posts

    झारखंड: संजय सेठ के बयान पर इरफान अंसारी का पलटवार, कहा— ‘राजनीति छोड़िए, झारखंड के लिए एम्स लाइए’

    July 18, 2026

    72th National Film Award : ‘आर्टिकल 370’ बनी सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म, कार्तिक आर्यन और ममूटी को बेस्ट एक्टर

    July 18, 2026

    झारखंड : मईयां सम्मान योजना से महिलाओं को मिली आत्मनिर्भरता की नई पहचान

    July 18, 2026

    ‘पहले वनाधिकार, फिर मेगा प्रोजेक्ट’. ग्रेट निकोबार में ट्राइबल काउंसिल का सरकार को संदेश

    July 18, 2026

    नक्सलमुक्त भारत के दावों के बीच ‘चारू फोर्टनाइट’ को लेकर क्यों अलर्ट पर हैं सुरक्षा एजेंसियां?

    July 18, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    © 2026 Johar LIVE. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.