तेलंगाना में मतदाता सूची से नाम हटाने को लेकर सियासी विवाद खड़ा हो गया है. एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया है कि हैदराबाद लोकसभा क्षेत्र के गोशामहल विधानसभा क्षेत्र में 122 लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाने के लिए पहले से भरे हुए फॉर्म-7 जमा कराने की कोशिश की गई. ओवैसी का दावा है कि इन सभी 122 लोगों में मुस्लिम समुदाय के मतदाता शामिल हैं और इसके पीछे सुनियोजित प्रयास किया गया.
ओवैसी ने एएनआई से बात करते हुए कहा कि तेलंगाना के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) ने सोमवार को मेमो संख्या 868 जारी किया है. इसमें निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों (ERO) के समक्ष फॉर्म-7 के थोक में आवेदन जमा किए जाने के मामलों का जिक्र किया गया है. मुख्य निर्वाच अधिकारी ने ऐसे मामलों में कार्रवाई करने और फॉर्म-6A, 7 और 8 में गलत बयान या घोषणा देने वालों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं.
गोशामहल के बूथ नंबर 28 में 122 नाम हटाने की कोशिश का आरोप
ओवैसी के मुताबिक, हैदराबाद लोकसभा क्षेत्र के गोशामहल विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर 28 में 122 लोगों के नाम हटाने के लिए पहले से भरे हुए फॉर्म-7 जमा कराने की कोशिश हुई. उन्होंने आरोप लगाया कि ये फॉर्म जनार्दन नाम के एक व्यक्ति ने जमा किए थे, जो भाजपा समर्थक या भाजपा के प्रति सहानुभूति रखने वाला व्यक्ति है.
ओवैसी ने दावा किया कि इन 122 लोगों में सभी मुस्लिम मतदाता हैं. उन्होंने बताया कि करीब 60 लोगों के नामों की जांच की गई. जांच में पाया गया कि इन मतदाताओं के नाम 2002 और 2026 की मतदाता सूचियों में मौजूद हैं. यहां तक कि 2026 की ड्राफ्ट मतदाता सूची में भी इनके नाम दर्ज थे. इन मतदाताओं को नोटिस जारी किया गया था, जिसका उन्होंने जवाब भी दिया है.
एआईएमआईएम प्रमुख ने चुनाव आयोग से मांग की कि तेलंगाना मुख्य निर्वाचन अधिकारी के मेमो के आधार पर पूरे मामले की जांच कराई जाए और फॉर्म-7 के थोक में जमा किए जाने के मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो.
उन्होंने बूथ नंबर 28 के बीएलओ का भी आभार जताया. ओवैसी के अनुसार, बीएलओ ने इन फॉर्म को स्वीकार नहीं किया. उन्होंने बताया कि उनकी पार्टी के बूथ लेवल एजेंट (BLA) ने इन फॉर्म को अपने कब्जे में लिया है. ओवैसी ने मुख्यमंत्री पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें केवल बयान जारी करने के बजाय पूरे मामले पर ध्यान देना चाहिए और इसकी जांच करानी चाहिए.

Also Read : झारखंड में बालू की मार: 302 घाट नीलाम, वैध सप्लाई सिर्फ 14 से

