Pakur : पाकुड़ जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र में पश्चिम बंगाल को जोड़ने वाली मुख्य सड़क इन दिनों अतिक्रमण की गंभीर समस्या से जूझ रही है। पाकुड़ से चांदपुर (पश्चिम बंगाल चेक पोस्ट) तक जाने वाली यह सड़क जिले की अहम सड़क मानी जाती है, लेकिन दोनों ओर किए गए अवैध कब्जों से यह काफी संकरी हो गई है।
इस मार्ग से गिट्टी लदे भारी ट्रक, यात्री बसें, कार, ऑटो, टोटो और टेंपो रोजाना गुजरते हैं। सड़क की चौड़ाई कम होने के कारण वाहनों को साइड देने में परेशानी होती है, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। खासकर टोटो और टेंपो चालकों के लिए यह सड़क बेहद खतरनाक बन गई है।
मुफस्सिल थाना से लेकर चांदपुर तक सड़क किनारे अवैध दुकानें, ठेले और छोटे होटल खुले हुए हैं। कई जगहों पर सरकारी नालों पर मिट्टी भरकर पक्के निर्माण कर लिए गए हैं। इससे सड़क और संकरी हो गई है और जल निकासी की व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।
स्थानीय लोगों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि अतिक्रमण के कारण कई बार बड़े हादसे होते-होते बचे हैं। इसके बावजूद अवैध कब्जे लगातार बढ़ते जा रहे हैं। लोगों को डर है कि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो यह सड़क पूरी तरह जाम और असुरक्षित हो जाएगी।
मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला उपायुक्त मनीष कुमार ने अतिक्रमण के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। डीसी ने बताया कि लगातार शिकायतें मिल रही हैं और अतिक्रमण हटाने के लिए विशेष टीम का गठन किया जाएगा। पहले अतिक्रमणकारियों को नोटिस दिया जाएगा और तय समय में कब्जा नहीं हटाने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हालांकि प्रशासन की चेतावनी के बावजूद सड़क किनारे नए अतिक्रमण के प्रयास जारी हैं। अब लोगों की नजर प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी है कि कब इस महत्वपूर्ण सड़क को अतिक्रमण मुक्त किया जाएगा।


