Close Menu
Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • जेपीएससी / जेएसएससी
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    • होम
    • जेपीएससी / जेएसएससी
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Home»जोहार ब्रेकिंग»सुप्रीम कोर्ट ने ठुकराई हिंदी को आधिकारिक बनाने की PIL, कहा – अदालत के आदेश से नहीं तय होती भाषा
    जोहार ब्रेकिंग

    सुप्रीम कोर्ट ने ठुकराई हिंदी को आधिकारिक बनाने की PIL, कहा – अदालत के आदेश से नहीं तय होती भाषा

    joharlive NetworkBy joharlive NetworkSeptember 25, 2026No Comments2 Mins Read1
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    सुप्रीम कोर्ट ने सर्वोच्च अदालत की आधिकारिक न्यायिक भाषा के रूप में हिंदी को शामिल करने की मांग वाली जनहित याचिका (PIL) को खारिज कर दिया है. अदालत ने स्पष्ट किया कि भाषा से जुड़े बदलाव या सुधार न्यायिक आदेशों के जरिए नहीं, बल्कि प्रशासनिक और चरणबद्ध प्रक्रिया के तहत धीरे-धीरे लागू किए जाते हैं.

    मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ (जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना) ने इस याचिका पर सुनवाई की.

    कोर्ट ने क्या कहा?

    सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के वकील ने केंद्र सरकार को एक आयोग गठित करने का निर्देश देने की मांग की थी, जो सुप्रीम कोर्ट में हिंदी के इस्तेमाल की संभावनाओं की जांच कर सके. इस पर पीठ ने कहा कि इस तरह के नीतिगत बदलाव न्यायालय के आदेश से नहीं किए जा सकते.

    CJI सूर्यकांत ने यह भी बताया कि सुप्रीम कोर्ट पहले से ही प्रशासनिक स्तर पर क्षेत्रीय भाषाओं को बढ़ावा देने की दिशा में कदम उठा रहा है. उन्होंने कहा, “हम अब महत्वपूर्ण फैसलों और रिपोर्टों का संक्षिप्त विवरण हिंदी में दे रहे हैं. इसके बाद अन्य क्षेत्रीय भाषाओं को भी इसमें जोड़ा जाएगा. हम अपनी संस्कृति को बनाए रखेंगे और सभी क्षेत्रीय भाषाओं का सम्मान करेंगे.”

    वहीं, सुनवाई के दौरान जस्टिस वी. मोहना ने वकील से सवाल किया कि यदि यह मांग संवैधानिक व्यवस्था में बड़े बदलाव से जुड़ी है, तो अदालत ऐसा निर्देश कैसे दे सकती है. याचिका पर लंबी दलीलें सुनने के बाद अंततः पीठ ने इसे खारिज कर दिया.

    क्या कहता है संविधान?

    भारतीय संविधान का अनुच्छेद 348(1)(a) यह प्रावधान करता है कि सुप्रीम कोर्ट और सभी उच्च न्यायालयों (High Courts) की कार्यवाही की भाषा अंग्रेजी होगी. हालांकि, संविधान के अनुच्छेद 348(2) के तहत राज्यों के उच्च न्यायालयों के लिए यह छूट दी गई है कि राज्यपाल, राष्ट्रपति की पूर्व सहमति से, हिंदी या राज्य की अन्य आधिकारिक भाषा को उच्च न्यायालय की कार्यवाही में उपयोग करने की अनुमति दे सकते हैं, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के संबंध में ऐसा कोई प्रावधान संविधान में नहीं है.

    Also Read : नोएडा DM मामला : सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई पर उठे सवाल, वकीलों के संगठन ने CJI को लिखा कड़ा पत्र

    सुप्रीम कोर्ट सुप्रीम कोर्ट में हिंदी
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleझारखंड : खूँटी पुलिस का ‘मिशन मुस्कान’, एक महीने में बरामद किए 28 गुम और चोरी हुए मोबाइल
    Next Article झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा फैसला : NHAI के DGM को डिमोट कर बनाया टेक्निकल असिस्टेंट, SC में डिस्टेंस लर्निंग डिग्री हुई थी रद्द

    Related Posts

    जोहार ब्रेकिंग

    झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा फैसला : NHAI के DGM को डिमोट कर बनाया टेक्निकल असिस्टेंट, SC में डिस्टेंस लर्निंग डिग्री हुई थी रद्द

    September 25, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    बिहार : पितृपक्ष मेले की भव्यता वीडियो में दिखाएं और जीतें 3 लाख रुपये, बिहार पर्यटन ने शुरू की खास प्रतियोगिता

    September 25, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    ‘कॉकरोच’ फिर लौट आए हैं: लेकिन क्या नीट आंदोलन की तरह लोगों का समर्थन मिल पाएगा?

    September 25, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    नोएडा DM मामला : सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई पर उठे सवाल, वकीलों के संगठन ने CJI को लिखा कड़ा पत्र

    September 25, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    अंत्योदय दिवस : समाज के आखिरी व्यक्ति की बात करने वाले दीनदयाल उपाध्याय की पूरी कहानी

    September 25, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    25 सितंबर 1925 : चाईबासा में गांधी से मिले देवेंद्र नाथ सामंत, फिर संविधान सभा तक पहुंची सिंहभूम की आवाज

    September 25, 2026
    Latest Posts

    झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा फैसला : NHAI के DGM को डिमोट कर बनाया टेक्निकल असिस्टेंट, SC में डिस्टेंस लर्निंग डिग्री हुई थी रद्द

    September 25, 2026

    सुप्रीम कोर्ट ने ठुकराई हिंदी को आधिकारिक बनाने की PIL, कहा – अदालत के आदेश से नहीं तय होती भाषा

    September 25, 2026

    झारखंड : खूँटी पुलिस का ‘मिशन मुस्कान’, एक महीने में बरामद किए 28 गुम और चोरी हुए मोबाइल

    September 25, 2026

    बिहार : पितृपक्ष मेले की भव्यता वीडियो में दिखाएं और जीतें 3 लाख रुपये, बिहार पर्यटन ने शुरू की खास प्रतियोगिता

    September 25, 2026

    ‘कॉकरोच’ फिर लौट आए हैं: लेकिन क्या नीट आंदोलन की तरह लोगों का समर्थन मिल पाएगा?

    September 25, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    © 2026 Johar LIVE. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.