ग्रामीण इलाकों में कारोबार और रोजगार के नए अवसर पैदा करने की दिशा में XLRI के एक्सएलआरआई काउंसिल फॉर इनोवेशन, टेक्नोलॉजी एंड एंटरप्रेन्योरशिप (XCITE) ने एक अहम पहल की है. बीते 21 अगस्त को XLRI जमशेदपुर में आयोजित Jharkhand Emerging Entrepreneurship Summit 2026 के दौरान XCITE ने नाबार्ड (NABARD) के सहयोग से अपने ग्रामीण बिजनेस इन्क्यूबेशन कार्यक्रम की पहली कोहोर्ट के लिए चुने गए 51 ग्रामीण उद्यमों की घोषणा की.
यह पहल पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत के ग्रामीण क्षेत्रों में काम कर रहे उद्यमियों को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से शुरू की गई है. चयनित उद्यमियों को इन्क्यूबेशन, विशेषज्ञों की सलाह, संस्थागत सहयोग, वित्त और बाजार से जुड़ने के अवसर उपलब्ध कराने पर जोर दिया जाएगा.
338 आवेदनों से 51 उद्यमों तक पहुंचा चयन
XCITE की पहली कोहोर्ट के लिए कुल 338 आवेदन मिले थे. शुरुआती जांच के बाद 107 उद्यमों को दूसरे चरण के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया. इसके बाद 92 उद्यमों ने मूल्यांकन पैनल के सामने अपने कारोबार और बिजनेस मॉडल की प्रस्तुति दी.
अंतिम पिचिंग प्रक्रिया पांच दिनों तक चली. 18 से 20 अगस्त तक XLRI जमशेदपुर और 24-25 अगस्त को NABARD क्षेत्रीय कार्यालय, गुवाहाटी में उद्यमियों ने अपने बिजनेस मॉडल पेश किए. चयन प्रक्रिया को पारदर्शी रखने के लिए हर उद्यम का मूल्यांकन एक मानकीकृत 7-बिंदु प्रणाली के आधार पर किया गया. इसमें संस्थापक की तैयारी, कारोबार की व्यवहार्यता, बाजार और ग्राहकों की समझ, वित्तीय अनुशासन, सामाजिक प्रभाव और विस्तार की क्षमता जैसे पहलुओं को शामिल किया गया.
महिला और ST समुदाय के उद्यमियों की मजबूत भागीदारी
पहली कोहोर्ट में शामिल 51 उद्यम 9 राज्यों से हैं. इनमें 25 उद्यम महिला संस्थापकों के नेतृत्व में हैं, यानी करीब 49 फीसदी चयनित उद्यमों की कमान महिलाओं के हाथ में है. वहीं 20 उद्यम ST समुदाय के संस्थापकों द्वारा संचालित हैं, जो कुल चयनित उद्यमों का करीब 39 फीसदी है.
चयनित उद्यम कृषि और संबद्ध गतिविधियों, खाद्य प्रसंस्करण, हस्तशिल्प एवं हथकरघा, विनिर्माण, ग्रामीण वैल्यू चेन और सर्कुलर इकोनॉमी जैसे अलग-अलग क्षेत्रों में काम कर रहे हैं.
समिट में ग्रामीण उद्यमों के उत्पादों की प्रदर्शनी
21 अगस्त को XLRI जमशेदपुर में Jharkhand Emerging Entrepreneurship Summit 2026 का आयोजन किया गया. विश्व उद्यमिता दिवस के अवसर पर हुए इस कार्यक्रम में Grassroots Rural Entrepreneurship पर पैनल चर्चा हुई. साथ ही ग्रामीण उद्यमों के उत्पादों की लाइव प्रदर्शनी भी लगाई गई.
XCITE का कहना है कि पहली कोहोर्ट के जरिए जमीनी स्तर के उद्यमियों को इन्क्यूबेशन और मेंटरशिप के साथ संस्थागत विशेषज्ञता, वित्त और बाजार से जोड़ने की कोशिश की जाएगी. इसका उद्देश्य पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत में ग्रामीण उद्यमों को मजबूत करना और उनके लिए टिकाऊ विकास के नए रास्ते तैयार करना है.

