Close Menu
Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    • होम
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Home»झारखंड»थाना से कोर्ट तक जवाबदेही तय, DGP-ACS की समीक्षा बैठक में पुलिस को स्पष्ट निर्देश
    झारखंड

    थाना से कोर्ट तक जवाबदेही तय, DGP-ACS की समीक्षा बैठक में पुलिस को स्पष्ट निर्देश

    Team JoharBy Team JoharFebruary 11, 2026Updated:February 11, 2026No Comments3 Mins Read8
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    पुलिस
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    Ranchi : राजधानी रांची के पुलिस मुख्यालय में बुधवार को एक अहम बैठक हुई। यह बैठक DGsP/IGsP कॉन्फ्रेंस 2025 के बाद राज्य स्तर पर की गई समीक्षा के लिए बुलाई गई थी। इसकी संयुक्त अध्यक्षता गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग की अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल और झारखंड की डीजीपी तदाशा मिश्रा ने की।

    थाना स्तर तक दिखे असर

    बैठक में साफ कहा गया कि कॉन्फ्रेंस के सभी निर्देशों का पालन थाना स्तर तक होना चाहिए। हर जिले के एसपी को जिम्मेदारी दी गई कि नए आपराधिक कानून यानी न्याय संहिता का पूरी तरह पालन हो।

    बीट पुलिसिंग और सामुदायिक पुलिसिंग को और मजबूत करने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों से कहा गया कि गांव, मोहल्लों और शहरी इलाकों में पुलिस की मौजूदगी और संवाद बढ़ाया जाए, ताकि लोगों का भरोसा मजबूत हो।

    सिर्फ गिरफ्तारी नहीं, सजा तक पहुंचे केस

    वरिष्ठ अधिकारियों ने साफ कहा कि सिर्फ गिरफ्तारी कर लेना ही पुलिसिंग नहीं है। असली काम तब पूरा होता है जब अदालत में दोषसिद्धि हो।

    इसी को ध्यान में रखते हुए जांच की गुणवत्ता सुधारने पर जोर दिया गया। NATGRID, NAFIS, CCTNS, ई-कोर्ट और एआई आधारित तकनीक का बेहतर इस्तेमाल करने के निर्देश दिए गए। साथ ही ई-साक्ष्य ऐप का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करने को कहा गया।

    नक्सल इलाकों में युवाओं पर फोकस

    नक्सल प्रभावित जिलों को लेकर भी विशेष चर्चा हुई। अधिकारियों को कहा गया कि सिर्फ सुरक्षा अभियान नहीं, बल्कि युवाओं को खेल, सांस्कृतिक कार्यक्रम और कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने पर भी ध्यान दें। उग्रवादियों के आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति की भी समीक्षा की गई और इसे प्रभावी तरीके से लागू करने को कहा गया।

    ड्रग्स और साइबर अपराध पर सख्ती

    बैठक में मादक पदार्थों के नेटवर्क, साइबर ठगी और सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर चिंता जताई गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि लोगों को इन खतरों के बारे में जागरूक करने के लिए अभियान चलाएं। अफीम की खेती रोकने के लिए एंटी-ड्रग रणनीति तैयार करने और गांव-गांव तक जागरूकता फैलाने की बात कही गई।

    महिला सुरक्षा और संवेदनशील मामलों पर नजर

    पोक्सो एक्ट और अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज मामलों की स्थिति की समीक्षा की गई। महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में तेज और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

    साफ संदेश था कि ऐसे मामलों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

    प्रशिक्षण और टेक्नोलॉजी पर जोर

    आई-गॉट पोर्टल के जरिए पुलिसकर्मियों के प्रशिक्षण की प्रगति की समीक्षा की गई। सभी अनुसंधानकर्ताओं को जरूरी प्रशिक्षण पूरा करने का निर्देश दिया गया। टूरिस्ट पॉलिसी के तहत पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर भी पुलिस और प्रशासन के बीच बेहतर तालमेल बनाने की बात कही गई।

    बैठक में एडीजी अभियान टी. कंदसामी, आईजी मानवाधिकार क्रांति कुमार गड़िदेशी, झारखंड पुलिस अकादमी के निदेशक अखिलेश कुमार झा, विशेष शाखा, एसटीएफ, प्रशिक्षण, कार्मिक और बजट सहित विभिन्न इकाइयों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। सभी प्रक्षेत्रीय आईजी, डीआईजी, एसएसपी और एसपी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए भी जुड़े।

    Also Read : संपा साहा की जीत के लिए भाजपा एकजुट, बाबूलाल मरांडी ने दिया चुनावी मंत्र

    AI Analytics Beat Policing CCTNS Community policing cyber crime DGsP/IGsP Conference 2025 DGsP/IGsP कॉन्फ्रेंस 2025 drug control E-Courts E-Evidence App Focus on Conviction i-GOT Portal Jharkhand DGP Jharkhand police NAFIS NATGRID Naxal affected areas New Justice Code POCSO Act Police Training Policing Reforms Quality of Research Ranchi Police Headquarters SC-ST Atrocities Act Social Media Monitoring State Level Review Meeting Surrender Policy Tadasha Mishra Tourist Security Policy vandana dadel Women Safety अनुसंधान की गुणवत्ता आई-गॉट पोर्टल आत्मसमर्पण नीति ई-कोर्ट ई-साक्ष्य ऐप एआई एनालिटिक्स एससी-एसटी अत्याचार अधिनियम झारखंड डीजीपी झारखंड पुलिस टूरिस्ट सुरक्षा नीति तदाशा मिश्र दोषसिद्धि पर फोकस नई न्याय संहिता नक्सल प्रभावित क्षेत्र पुलिस प्रशिक्षण पुलिसिंग सुधार पोक्सो एक्ट बीट पुलिसिंग महिला सुरक्षा मादक पदार्थ नियंत्रण रांची पुलिस मुख्यालय राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक वंदना दादेल साइबर अपराध सामुदायिक पुलिसिंग सोशल मीडिया मॉनिटरिंग
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleसंपा साहा की जीत के लिए भाजपा एकजुट, बाबूलाल मरांडी ने दिया चुनावी मंत्र
    Next Article नए सिंथेटिक ड्रग ‘साइक्लोर्फिन’ को लेकर झारखंड में अलर्ट, सभी जिलों को सख्त निगरानी का निर्देश

    Related Posts

    जोहार ब्रेकिंग

    ‘हर किसान तक पहुंचे सरकारी योजना’… कृषि विभाग की समीक्षा में हेमंत सोरेन के बड़े निर्देश

    July 17, 2026
    खेल-सिनेमा

    विश्व कप में झारखंड का चौका, सलीमा कप्तान, टीम इंडिया में 4 बेटियां

    July 17, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    श्रावणी मेला 2026: सुरक्षा का मास्टर प्लान तैयार, भीड़, आतंक और अपराध… हर मोर्चे पर रहेगी नजर

    July 17, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    फर्जी बैंक गारंटी से 55 करोड़ भुगतान का आरोप, बाबूलाल ने CM को लिखा पत्र

    July 17, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    जामताड़ा : सदर अस्पताल में डॉक्टरों की हड़ताल, ओपीडी ठप, बिना भर्ती लौटी गर्भवती

    July 17, 2026
    क्राइम

    धनबादः नवोदय विद्यालय के छात्र की तीन घंटों तक बेल्ट से पिटाई, हालत गंभीर

    July 17, 2026
    Latest Posts

    ‘हर किसान तक पहुंचे सरकारी योजना’… कृषि विभाग की समीक्षा में हेमंत सोरेन के बड़े निर्देश

    July 17, 2026

    अपहरण, फिरौती और धमकी… 12 घंटे में रांची पुलिस ने रेस्क्यू की 5 साल की बच्ची

    July 17, 2026

    विश्व कप में झारखंड का चौका, सलीमा कप्तान, टीम इंडिया में 4 बेटियां

    July 17, 2026

    चिता पर लेटीं आदिवासी महिलाएं, आखिर क्यों उठी ‘मौत या न्याय’ की मांग?

    July 17, 2026

    100 से ज्यादा वैज्ञानिकों ने छोड़ा ISRO, क्या खतरे में पड़ जाएगा गगनयान मिशन ?

    July 17, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    © 2026 Johar LIVE. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.