Patna : बिहार की राजनीति इन दिनों तेजी से करवट ले रही है। सीएम नितीश कुमार के राज्यसभा जाने की चर्चा के बीच अब उनके बेटे निशांत कुमार भी अचानक सक्रिय होते दिख रहे हैं। पटना में जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा के आवास पर निशांत कुमार ने करीब 24 जदयू विधायकों के साथ बैठक की। इस बैठक में कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे और माना जा रहा है कि बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव होने वाला है।
संजय झा के घर हुई विधायकों की बैठक
इस बैठक में जदयू के करीब दो दर्जन विधायक शामिल हुए। बैठक में परिवहन मंत्री श्रवन कुमार समेत कई नेता मौजूद रहे। बताया जा रहा है कि बैठक में पार्टी के अंदर आगे की रणनीति और बिहार की बदलती राजनीतिक स्थिति पर चर्चा हुई। इस दौरान निशांत कुमार की मौजूदगी को लेकर भी काफी चर्चा रही।
10 से 14 मार्च के बीच दे सकते हैं इस्तीफा
इधर खबर यह भी है कि सीएम नितीश कुमार 10 से 14 मार्च के बीच अपने पद से इस्तीफा दे सकते हैं।
राज्यसभा के लिए नामांकन के बाद नए मुख्यमंत्री को लेकर भाजपा और जदयू के बीच लगातार बातचीत चल रही है। इसी बीच शनिवार को नीतीश कुमार अपने गृह जिला Nalanda के बखियारपुर जाएंगे, जहां वे विकास कामों की समीक्षा करेंगे।
CM हाउस की बैठक में भावुक हुए नीतीश
सीएम आवास पर भी जदयू के विधायकों और मंत्रियों की एक अहम बैठक हुई। बताया जा रहा है कि इस बैठक में कई विधायकों ने नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के फैसले का विरोध किया। जदयू विधायक विजय कुमार चौधरी ने बताया कि बैठक के दौरान माहौल काफी भावुक हो गया था। विधायकों ने उनसे फैसला वापस लेने की अपील की, लेकिन सीएम अपने निर्णय पर अड़े रहे। नीतीश कुमार ने विधायकों से कहा -“विरोध मत करिए, मैं राज्यसभा जा रहा हूं। वहां से भी सब देखता रहूंगा।”
विधायक रो पड़े, बोले-फैसला वापस लीजिए
मीटिंग में मौजूद कई विधायक भावुक हो गए। कुछ विधायक तो रोने भी लगे और नीतीश कुमार से अपना फैसला वापस लेने की अपील करने लगे। इसके बाद बैठक में मौजूद विधायकों ने निशांत कुमार को राजनीति में लाने के प्रस्ताव पर हाथ उठाकर सहमति जताई।
8 मार्च को JDU जॉइन कर सकते हैं निशांत
मिली जानकारी के मुताबिक 8 मार्च को निशांत कुमार औपचारिक रूप से जदयू जॉइन कर सकते हैं। हालांकि दिलचस्प बात यह रही कि मुख्यमंत्री आवास पर हुई बैठक में निशांत खुद मौजूद नहीं थे। इस बीच जदयू के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह ने साफ कहा कि नीतीश कुमार की इच्छा के खिलाफ कोई फैसला नहीं हो सकता।
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