बॉलीवुड अभिनेता राजपाल यादव को चेक बाउंस के सात मामलों में सुप्रीम कोर्ट से फिलहाल राहत मिल गई है. सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को उन्हें 5 करोड़ जमा करने के लिए दो हफ्ते का आखिरी मौका दिया है. कोर्ट ने 5 अक्टूबर तक उन्हें सरेंडर करने से मिली अंतरिम राहत भी जारी रखने का आदेश दिया है.
चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच राजपाल यादव की उस याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट के उस फैसले को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें चेक बाउंस से जुड़े मामलों में दोषी ठहराते हुए तीन महीने की जेल की सजा सुनाई गई थी.
5 करोड़ जमा करने की शर्त पर मिली थी राहत
सुप्रीम कोर्ट ने इससे पहले राजपाल यादव को सरेंडर करने से अंतरिम राहत दी थी. हालांकि, यह राहत कोर्ट रजिस्ट्री में 5 करोड़ जमा करने की शर्त पर दी गई थी.
लाइव लॉ के रिपोर्ट के अनुसार, मंगलवार की सुनवाई के दौरान राजपाल यादव की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता पीएस पटवालिया ने रकम जमा करने के लिए दो हफ्ते का समय मांगा. कोर्ट को बताया गया कि अभिनेता के पास फिलहाल इतनी रकम नहीं है, लेकिन वह रकम जुटाने की कोशिश कर रहे हैं.
वकील ने कहा कि राजपाल यादव के पास कुछ संपत्ति है. इसके अलावा उनकी मां के नाम भी अचल संपत्ति है, जिसे बेचकर 5 करोड़ की रकम जुटाई जा सकती है.
उम्मीद है यहां भी एक्टिंग नहीं कर रहे होंगे
राजपाल यादव के वकील ने कोर्ट से कुछ समय देने की अपील करते हुए कहा कि अगली सुनवाई तक एक ठोस प्रस्ताव के साथ अदालत के सामने आया जाएगा. उन्होंने कम से कम 2 करोड़ के ड्राफ्ट का प्रस्ताव भी रखा.
इस पर CJI सूर्यकांत ने टिप्पणी की, “वह बॉलीवुड के अभिनेता हैं. हमें उम्मीद है कि यहां भी एक्टिंग नहीं कर रहे होंगे.”
CJI ने यह भी कहा कि राजपाल यादव का पिछला आचरण कोर्ट का भरोसा बढ़ाने वाला नहीं रहा है.
इसके बाद कोर्ट ने उन्हें आखिरी मौका देते हुए दो हफ्ते का समय दिया. कोर्ट ने कहा कि इसके बाद मामले पर आगे सुनवाई की जाएगी.
सुप्रीम कोर्ट ने राजपाल यादव को 5 अक्टूबर तक सरेंडर करने से मिली छूट जारी रखने का निर्देश दिया है. हालांकि, कोर्ट ने उनका पासपोर्ट फिलहाल जमा करने का आदेश दिया है. अब मामले की अगली सुनवाई 5 अक्टूबर को होगी.

