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    Home»ट्रेंडिंग»नए साल के जश्न में दुनियाभर के दिलचस्प रीति-रिवाज, जानें कहां और कैसे मनाया जाता है नए साल का आगाज
    ट्रेंडिंग

    नए साल के जश्न में दुनियाभर के दिलचस्प रीति-रिवाज, जानें कहां और कैसे मनाया जाता है नए साल का आगाज

    Team JoharBy Team JoharJanuary 1, 2025Updated:January 1, 2025No Comments2 Mins Read0
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    रांची : नए साल के अवसर पर दुनियाभर में अलग-अलग देशों में अनूठी परंपराएं मनाई जाती हैं. यह परंपराएं न केवल अपने देशों की सांस्कृतिक विविधता को दर्शाती हैं, बल्कि समृद्धि और खुशहाली की कामना भी करती हैं.

    पनामा में पुतले जलाना

    पनामा में “मुनेकोस” के नाम से जाने जाने वाले पुतले हर साल आधी रात को जलाए जाते हैं. ये पुतले पिछले साल की मशहूर हस्तियों या किरदारों का प्रतीक होते हैं. इस परंपरा के माध्यम से लोग पुराने साल को विदाई देकर नए साल का स्वागत करते हैं और बुरी यादों को जलाकर खुशी की शुरुआत करते हैं.

    फिलीपींस में पोल्का डॉट्स पहनना और गोल फल खाना

    फिलीपींस में लोग नए साल के जश्न के लिए पोल्का डॉट्स पहनते हैं और खाने की मेज पर गोल फल रखते हैं. यह परंपरा समृद्धि और सौभाग्य के प्रतीक मानी जाती है. विशेष रूप से, आधी रात को बारह गोल फल खाने से लोग विश्वास करते हैं कि यह सालभर के लिए सौभाग्य लाता है.

    फिनलैंड में पिघला हुआ टिन डालना

    फिनलैंड में लोग नए साल के पहले दिन पिघले हुए टिन को पानी में डालते हैं और उस आकार का अनुमान लगाते हैं जो बनता है. इस परंपरा के अनुसार, अलग-अलग आकारों का विभिन्न प्रतीकों से संबंध होता है, जैसे शादी या यात्रा का संकेत.

    चीन में आतिशबाजी और लालटेन

    चीन में नए साल का जश्न ड्रैगन नृत्य और आतिशबाजी से होता है. माना जाता है कि आतिशबाजी बुरी आत्माओं को डराती है, जबकि लालटेन नए साल में आशा और समृद्धि के प्रतीक होते हैं. चीनी नववर्ष समारोह के दौरान ये दोनों चीजें खास महत्व रखती हैं.

    यह सभी परंपराएं अपने-अपने देशों में नए साल का स्वागत करने का अनोखा तरीका हैं, जो समृद्धि, खुशी और नए मौके की शुरुआत का प्रतीक मानी जाती हैं.

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