Seraikela : पूर्वी सिंहभूम जिले के जमशेदपुर स्थित पोटका प्रखंड के सभी स्कूलों की रसोइयां और संयोजिकाएं पिछले छह दिनों से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। हड़ताल के दौरान उन्होंने पोटका प्रखंड संसाधन केंद्र के सामने जोरदार प्रदर्शन किया।
रसोइयों की मुश्किलें
आंदोलन कर रही रसोइयों ने बताया कि वे पिछले 21 सालों से सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए खाना बना रही हैं, लेकिन उन्हें केवल 2,000 रुपये मानदेय दिया जा रहा है। उनका कहना है कि इतना कम वेतन घर चलाने में मुश्किल पैदा करता है और उनकी मेहनत के अनुसार बिल्कुल उचित नहीं है।
रसोइयों की मांगे
रसोइयों और संयोजिकाओं ने सरकार से अपनी मुख्य मांगें रखीं हैं। उनका कहना है कि उनका मानदेय बढ़ाया जाए, ताकि घर चलाना आसान हो सके। साथ ही वे चाहते हैं कि सभी रसोइयों और संयोजिकाओं का बीमा कराया जाए और उन्हें स्थायी किया जाए। इसके अलावा उन्होंने रिटायरमेंट के बाद पेंशन की व्यवस्था की भी मांग की। रसोइयों का कहना है कि ये सिर्फ उनकी सुविधा के लिए नहीं, बल्कि बच्चों और स्कूल की बेहतर सेवा के लिए भी बेहद जरूरी है।
सरकार से जवाब का इंतजार
हड़ताल कर रही रसोइयां और संयोजिकाएं अब सरकार से जवाब का इंतजार कर रही हैं और कह रही हैं कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं होती, वे आंदोलन जारी रखेंगे।

