Ranchi: झारखंड में भारतीय जनता पार्टी (BJP) द्वारा आयोजित “जन आक्रोश रैली” को लेकर राजनीति गरमा गई है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव सह मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने इस रैली पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने भाजपा के दावों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि यह रैली जनता की भागीदारी के बिना निकाली गई केवल एक राजनीतिक दिखावा है, जिसका उद्देश्य जनभावनाओं को भटकाना है।
“राजनीतिक दिखावा है भाजपा की रैली”
राकेश सिन्हा ने तंज कसते हुए कहा, “जितना बरेली के बाजार में झुमका नहीं गिरा, उससे कहीं ज्यादा देश में भाजपा गिर गई है।” कांग्रेस नेता का मानना है कि भाजपा की यह रैली जनता का आक्रोश दिखाने के लिए नहीं, बल्कि अपनी असफलताओं को छिपाने के लिए आयोजित की गई थी।
“नारी शक्ति वंदन” पर कांग्रेस का वार
कांग्रेस ने भाजपा के “नारी शक्ति वंदन” अधिनियम के दावों पर सवाल खड़े करते हुए इसे चुनावी हथकंडा बताया है। राकेश सिन्हा ने कहा कि जो पार्टी वर्षों तक महिला आरक्षण को टालती रही, वह आज श्रेय लेने की कोशिश कर रही है। भाजपा की मंशा स्पष्ट नहीं है, क्योंकि इसे परिसीमन से जोड़कर 2029 तक टालने की योजना बनाई गई है। यह केवल चुनावी लाभ के लिए जनता को गुमराह करने का प्रयास है।
महंगाई और बेरोजगारी पर भाजपा की चुप्पी
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि भाजपा की कथनी और करनी में भारी अंतर है। उन्होंने कहा कि देश की महिलाएं आज महंगाई, बेरोजगारी और अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर संकट से जूझ रही हैं, लेकिन भाजपा इन वास्तविक मुद्दों पर चुप्पी साधे हुए है। कांग्रेस का कहना है कि अगर भाजपा वास्तव में महिलाओं के हितों के प्रति गंभीर है, तो वह बिना किसी देरी के महिला आरक्षण लागू करे और सुरक्षा, शिक्षा व रोजगार पर ठोस कदम उठाए।
“जनता समझ चुकी है सच्चाई”
अंत में कांग्रेस महासचिव ने दावा किया कि झारखंड की महिलाएं और आम जनता भाजपा के इस “जन आक्रोश” के पीछे की सच्चाई को बखूबी समझ चुकी है। उन्होंने कहा कि भाजपा भले ही रैलियों के जरिए माहौल बनाने की कोशिश कर रही हो, लेकिन आने वाले समय में जनता इसका कड़ा जवाब देगी।
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