Patna : सीएम नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के राजनीति में आने की चर्चा तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, होली के बाद उनकी जनता दल यूनाइटेड (JDU) में एंट्री हो सकती है। पार्टी के अंदर इसे लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। माना जा रहा है कि निशांत को सीधे सत्ता में लाने की बजाय पहले संगठन में जिम्मेदारी दी जाएगी।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, मार्च महीने में JDU के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव होना है। फिलहाल नीतीश कुमार ही पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। चर्चा है कि निशांत की एंट्री के साथ ही नीतीश कुमार यह पद छोड़ सकते हैं। बिहार विधानसभा चुनाव में शानदार जीत के बाद पार्टी को नए सिरे से मजबूत करने की कवायद शुरू हो गई है।
सदस्यता अभियान पर जोर
JDU इस समय बड़े स्तर पर सदस्यता अभियान चला रही है। पार्टी का लक्ष्य एक करोड़ नए सदस्यों को जोड़ने का है। 31 जनवरी तक यह अभियान चलेगा। इसके बाद पंचायत स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक संगठन चुनाव कराए जाएंगे। पार्टी इस बार पंचायत चुनाव में भी सक्रिय भूमिका निभाने की तैयारी में है।
होली के बाद मिल सकती है जिम्मेदारी
पार्टी नेताओं का कहना है कि मार्च में निशांत कुमार को संगठन में अहम भूमिका सौंपी जा सकती है। अभी तक निशांत राजनीति से दूरी बनाए हुए हैं और उनका रुझान अध्यात्म की ओर रहा है। हालांकि, पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों की ओर से लगातार उनके राजनीति में आने की मांग की जा रही है।
JDU नेताओं का समर्थन
केंद्रीय मंत्री ललन सिंह का एक वीडियो हाल ही में चर्चा में रहा, जिसमें वे निशांत से राजनीति में आने की बात कहते नजर आए। वहीं JDU के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता और शुभचिंतक चाहते हैं कि निशांत पार्टी में सक्रिय भूमिका निभाएं, लेकिन अंतिम फैसला उन्हें खुद ही लेना है। बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी ने भी निशांत की एंट्री का समर्थन करते हुए कहा कि पार्टी उनका स्वागत करेगी।
निशांत JDU के लिए क्यों अहम
पार्टी नेताओं का मानना है कि नीतीश कुमार के बाद JDU में ऐसा कोई चेहरा नहीं है, जिसे पूरे बिहार में स्वीकार किया जाए। JDU पिछले 22 साल से नीतीश कुमार के नेतृत्व में चल रही है। निशांत को पार्टी की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने वाले चेहरे के तौर पर देखा जा रहा है, खासकर कुर्मी-कोइरी और अति पिछड़ा वर्ग के बीच।
संगठन चुनाव की तैयारी
JDU के सदस्यता अभियान की निगरानी खुद सीएम नीतीश कुमार कर रहे हैं। बजट सत्र के कारण संगठन चुनाव में थोड़ी देरी हुई है, लेकिन पार्टी के अनुसार होली के बाद संगठन चुनाव की प्रक्रिया शुरू होगी। मार्च 2026 के अंत तक सभी संगठनात्मक चुनाव पूरे कर लिए जाएंगे।
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