Ranchi : झारखंड के पूर्व सीएम चंपाई सोरेन के पोते वीर सोरेन का अचानक निधन हो गया। वीर, चंपाई सोरेन के पोते और बाबूलाल सोरेन के बड़े बेटे थे। वीर सोरेन दोस्तों के साथ दिल्ली से मनाली घूमने गए थे, जहां अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
पोस्टमार्टम के बाद पार्थिव शरीर जमशेदपुर लाया गया
पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद वीर सोरेन का पार्थिव शरीर मनाली से दिल्ली और फिर रांची लाया गया। देर रात सड़क मार्ग से जमशेदपुर पहुंचाया गया और फिलहाल टाटा मेन हॉस्पिटल में रखा गया है। गुरुवार सुबह शव को उनके पैतृक गांव जिलिंगगोड़ा ले जाया गया, जहां अंतिम दर्शन के बाद अंतिम संस्कार होगा। इस दौरान सीएम हेमंत सोरेन के शामिल होने की संभावना है।
शोक की लहर, बाहा पर्व स्थगित
वीर सोरेन के निधन की खबर मिलते ही सरायकेला स्थित पैतृक गांव जिलिंगगोड़ा में शोक की लहर दौड़ गई। वहीं चल रहे बाहा पर्व का आयोजन तुरंत स्थगित कर दिया गया। स्थानीय लोग उन्हें एक मिलनसार और लोकप्रिय युवक के रूप में याद कर रहे हैं।
मनाली में कैसे हुआ हादसा
मनाली पुलिस के अनुसार, वीर 22 फरवरी को अपने मित्रों के साथ मनाली पहुंचे थे और सिमसा स्थित एक होम स्टे में ठहरे थे। 23 फरवरी को उन्होंने सोलंग और सेथन क्षेत्र का भ्रमण किया। 24 फरवरी की दोपहर घूमकर लौटने के बाद उन्हें सिर में तेज दर्द की शिकायत हुई। साथियों ने उन्हें दवा दी, लेकिन कुछ देर बाद वे अचेत अवस्था में गिर पड़े। उन्हें तुरंत मनाली सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
परिवार और नेताओं का शोक
पोते के निधन पर चंपाई सोरेन ने गहरा दुख व्यक्त किया और इसे परिवार के लिए अपूरणीय क्षति बताया। वहीं, सीएम हेमंत सोरेन ने भी शोक संदेश जारी किया और दिवंगत आत्मा की शांति तथा परिजनों को दुख सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की। सूत्रों के मुताबिक, हेमंत सोरेन जमशेदपुर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद जिलिंगगोड़ा जाकर शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर सकते हैं। जिला प्रशासन इस संभावित यात्रा को लेकर तैयारियों में जुटा है।
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