Close Menu
Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    • पब्लिक रिपोर्ट
    • अन्य
    Johar LIVE
    Home»देश»राजस्थान : अशोक गहलोत को लेकर कांग्रेस में बनी आम सहमति या बनी रहेगी यथास्थिति?
    देश

    राजस्थान : अशोक गहलोत को लेकर कांग्रेस में बनी आम सहमति या बनी रहेगी यथास्थिति?

    Team JoharBy Team JoharAugust 24, 2020No Comments3 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    Joharlive Desk

    नई दिल्ली । राजस्थान, मध्यप्रदेश समेत कई राज्यों में बगावत झेल चुकी ‘दिशाविहीन’ कांग्रेस पार्टी में एक बार फिर से नेतृत्व का मुद्दा चर्चाओं में है। पिछले चुनाव के बाद से पार्टी ऑटो पायलट मोड पर चल रही है। पार्टी के कई नेता ये सवाल पूछ रहे हैं कि पार्टी का बॉस कौन है – सोनिया गांधी, राहुल गांधी या प्रियंका गांधी वाड्रा? कोई स्पष्टता नहीं होने से कांग्रेस नेता अब खुल कर नेतृत्व परिवर्तन के मुद्दे पर ेसवाल उठा रहे हैं। पिछले साल नेतृत्व के मुद्दे पर टकराव के बाद सोनिया गांधी को अंतरिम अध्यक्ष बनाया गया ताकि पार्टी में यथास्थिति बनी रहे। उसके बाद से नए नेतृत्व का चुनाव अब तक नहीं हो पाया है। वहीं, सं भावित उम्मीदवार को लेकर अनौपचारिक रूप स पार्टी के अंदर बातचीत होती रही, लेकिन हुआ कुछ नहीं। क्या इस बार भी ऐसा ही होगा? क्या फिर पार्टी में यथास्थिति बनी रहेगी?

    पिछली बार चर्चा थी कि पार्टी में एक कार्यकारी अध्यक्ष होगा और क्षेत्रीय स्तर पर उपाध्यक्ष होंगे जो पार्टी में जान फूंकने का काम करेंगे। ऐसा कुछ नहीं हुआ, क्योंकि पार्टी ‘फैमिली फस्ट’ सोच का शिकार हो गई।

    कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष पद के लिए जो नाम चल रहे हैं, उनमें राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का भी नाम शामिल है जो सचिन पायलट की बगावत झेल चुके हैं। गहलोत के पास संगठन का अनुभव भी है। इसके अलावा कमल नाथ हैं, जनकी अग्निपरीक्षा मध्यप्रदेश में होने वाले उपचुनाव में होगी। रेस में पिछली लोकसभा में पार्टी के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे, पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह, हरियाणा के भूपिंदर हुड्डा और मनीष तिवारी भी हैं।

    जानकारों का मानना है कि पार्टी में अब गैर गांधी परिवार के नेता के अध्यक्ष पद बनने का वक्त आ गया है। ये बात इससे भी साफ हो जाती है कि राहुल गांधी ने ही 2019 चुनाव में हार के बाद इसके लिए मांग की थी।

    पार्टी के संगठन को मजबूत करना और चुनाव के जरिए पार्टी के पदों पर नियुक्ति एक बड़ी चुनौती है, जिसके लिए गहलोत की क्षमता को नकारा नहीं जा सकता। गहलोत राजस्थान के मुख्यमंत्री बनने तक पार्टी के महासचिव (संगठन) थे।

    अगर गहलोत अध्यक्ष बनते हैं तो सचिन पायलट के लिए राजस्थान में रास्ता साफ हो सकता है। गहलोत को अहमद पटेल और राहुल गांधी दोनों नेताओं का समर्थन प्राप्त है और वो एक सबकी सहमति से बनने वाले अध्यक्ष हो सकते हैं। अगर ऐसा नहीं हुआ और यथा स्थिति बनी रही तो ‘फैमिली फस्ट’ वाली सोच फिर से हावी हो सकती है।

    आने वाले समय में बिहार में चुनाव हैं उसके बाद पश्चिम बंगाल, पंजाब, असम, केरल, तमिलनाडु और पुड्डुचेरी में मतदान। देश की सबसे पुरानी पार्टी दिशाहीन फिलहाल बनी हुई है और के रल, पंजाब और असम को छोड़ कर देश के अन्य भागों में इसकी उपस्थिति न के बराबर है।

    लोकतंत्र में एक मजबूत विपक्ष का होना भी उतना ही जरूरी है। लेकिन राहुल गांधी के अध्यक्ष पद बनने से इनकार करने के बाद कांग्रेस पार्टी ‘सस्पेंडेंड एनीमेशन’ में है। अब वक्त आ गया है कि पार्टी खुद अपने अंदर लोकतंत्र को जीवित करे और ‘फैमिली फस्ट’ की मानसिकता से बाहर निकले। अगर इस साल भी ऐसा ही हुआ, जैसा पिछले साल हुआ था तो पार्टी और कमजोर हो सकती है।

    ashok gehlot breaking news in hindi hindi news jaipur news jaipur news in hindi news in hindi real time news
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleबिहार: भूपेंद्र यादव ने दिया नया नारा, ‘भाजपा है तैयार, आत्मनिर्भर बिहार’
    Next Article डी कंपनी के क्राइम सिंडिकेट में कौन-कौन, खुफिया एजेंसी के डॉजियर से हुआ खुलासा

    Related Posts

    जोहार ब्रेकिंग

    जोरहाट एयरबेस पर बड़ा हादसा, लैंडिंग के दौरान दो हिस्सों में बंटा वायुसेना का AN-32

    June 13, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    पेट्रोल-डीजल पर सरकार का बड़ा एक्शन, बड़े ग्राहकों की पंपों से खरीद पर 90 दिन तक रोक

    June 12, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    झारखंड को मैन्युफैक्चरिंग हब और नॉलेज इकोनॉमी बनाना हमारा संकल्प : सीएम हेमंत सोरेन

    June 11, 2026
    Latest Posts

    रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों की ठगी, धनबाद से आरोपी गिरफ्तार

    June 18, 2026

    नगरनौसा डिग्री कॉलेज विवाद : प्रदर्शनकारियों और पुलिस में झड़प, पथराव के बाद लाठीचार्ज

    June 18, 2026

    झारखंड रास चुनाव : जयराम महतो बोले- जो दिल्ली से काम निकाल सके, वोट उसी को

    June 18, 2026

    देवघर नगर निगम को मिला नया नगर आयुक्त, सुलोचना मीना ने संभाला कार्यभार

    June 18, 2026

    झारखंड राज्यसभा चुनाव : सीएम हेमंत और कल्पना सोरेन पहुंचे विधानसभा, वोटिंग जारी

    June 18, 2026

    Facebook X (Twitter) Instagram
    © 2026 Johar LIVE. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.