Ranchi : रांची के समाहरणालय सभागार में बुधवार को आयोजित जनगणना कार्यों की समीक्षा बैठक में डीसी मंजूनाथ भजन्त्री ने कड़ा रुख अपनाते हुए कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर बड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। बैठक के दौरान मकान सूचीकरण और मकानों की गणना की धीमी प्रगति को देखकर उपायुक्त ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनगणना जैसे राष्ट्रीय महत्व के कार्य में किसी भी स्तर पर कोताही स्वीकार नहीं की जाएगी। समीक्षा के दौरान कार्य में शिथिलता पाए जाने पर उपायुक्त ने अनगड़ा, सोनाहातू और सिल्ली के प्रखंड विकास पदाधिकारियों को तत्काल प्रभाव से शोकॉज जारी करने और उनके वेतन पर रोक लगाने का निर्देश दिया है।
उन्होंने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को यह कड़े निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में मकान सूचीकरण और गणना के कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण करें। इसके अलावा, उन्होंने पोर्टल पर डेटा एंट्री कार्य की नियमित और सतर्क मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि दर्ज किए गए आंकड़े शत-प्रतिशत सटीक हों और उनमें किसी भी प्रकार की त्रुटि न रहे। उपायुक्त ने बैठक में मौजूद अधिकारियों को यह भी याद दिलाया कि जनगणना केवल एक प्रशासनिक औपचारिकता नहीं है, बल्कि यह भविष्य की तमाम विकास योजनाओं की नींव है।
उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को पूरी गंभीरता, जवाबदेही और आपसी समन्वय के साथ कार्य को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए प्रेरित किया। इस महत्वपूर्ण बैठक में प्रभारी उपविकास आयुक्त सह पीडी आईटीडीए संजय भगत, अनुमंडल पदाधिकारी (सदर) कुमार रजत, अपर समाहर्ता रामनारायण सिंह, निदेशक डीआरडीए सुदर्शन मुर्मू, जिला सांख्यिकी पदाधिकारी शेषनाथ बैठा, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी उर्वशी पाण्डेय, जिला सूचना पदाधिकारी राजीव कुमार और एडीएसएस रवि कुमार मिश्रा सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।
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