Dhanbad : कोल्हान आयुक्त रविरंजन कुमार विक्रम ने डिमना स्थित MGM अस्पताल का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ओपीडी में पंजीकरण प्रक्रिया, डॉक्टरों की उपस्थिति, साफ-सफाई और मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं का बारीकी से आकलन किया। मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत कर फीडबैक लिया और जहां खामियां मिलीं, वहां तत्काल सुधार के निर्देश दिए।
ऑक्सीजन व्यवस्था पर विशेष ध्यान
बैठक में सबसे अहम फोकस अस्पताल की ऑक्सीजन आपूर्ति पर रहा। आयुक्त ने तरल चिकित्सा ऑक्सीजन (LMO) और PSA प्लांट को 31 मार्च तक हर हाल में चालू करने का अल्टीमेटम दिया। उनका कहना था कि वार्ड और ICU में ऑक्सीजन की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित होनी चाहिए।
अन्य जरूरी सुधार और निर्देश
आयुक्त ने अस्पताल प्रबंधन को कई अहम निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि खराब पड़े एम्बुलेंस को शीघ्र मरम्मत कर उपयोग में लाया जाए और सभी ICU वार्ड पूरी तरह से संचालित हों। जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र के लंबित मामलों को समय पर निपटाया जाए और वरिष्ठ चिकित्सकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। ओपीडी सेवाओं को मजबूत करना और दवाओं की उपलब्धता बनाए रखना भी जरूरी बताया गया। इसके साथ ही अप्रैल तक अमृत फार्मेसी और जन औषधि केंद्र शुरू किए जाने के निर्देश दिए गए और आयुष्मान भारत योजना को प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर दिया गया। अस्पताल में पेयजल संकट के समाधान के लिए मानगो नगर निगम को 20 अप्रैल तक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा बायोमेडिकल वेस्ट का नियमानुसार निष्पादन सुनिश्चित किया जाए, पैथोलॉजी जांच व्यवस्था में सुधार किया जाए और अनटाइड फंड का सही और समय पर उपयोग किया जाए।
औचक निरीक्षण में मौजूद अधिकारी
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी, जिला परिवहन पदाधिकारी धनंजय, अस्पताल अधीक्षक डॉ. बलराम झा, डॉ. जुझार माझी और अन्य अधिकारी भी मौजूद थे। आयुक्त ने साफ कहा कि अब किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी व्यवस्थाओं में तुरंत सुधार दिखना चाहिए। यह कदम अस्पताल की सेवाओं में सुधार लाने और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।


