Koderma : कोडरमा पुलिस ने ऑनलाइन ठगी के एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एस्कॉर्ट सर्विस के नाम पर लोगों को झांसे में लेकर उनसे पैसे ऐंठे जा रहे थे। यह कार्रवाई SP अनुदीप सिंह को मिली गुप्त सूचना के आधार पर की गई।
फर्जी आईडी बनाकर फंसाते थे शिकार
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी अलग-अलग वेबसाइटों पर फर्जी आईडी बनाकर अपना मोबाइल नंबर डालते थे। जब कोई व्यक्ति संपर्क करता, तो उसे लड़कियों की तस्वीरें भेजकर भरोसे में लिया जाता था। इसके बाद “बुकिंग” के नाम पर QR कोड भेजकर पैसे मंगवाए जाते थे।
QR कोड स्कैन करते ही कट जाते थे पैसे
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि जैसे ही कोई व्यक्ति QR कोड स्कैन करता, पैसे सीधे उनके खाते में पहुंच जाते थे। इसके बाद वे संपर्क बंद कर देते थे और रकम आपस में बांट लेते थे।
छापेमारी में दो आरोपी गिरफ्तार
कोडरमा थाना प्रभारी विकास पासवान के नेतृत्व में बनी टीम ने बेकोबार में छापेमारी कर अनिल पंडित और मंटू कुमार पंडित को गिरफ्तार किया। दोनों मौके से भागने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन पुलिस ने पकड़ लिया।
कई शहरों में फैला था नेटवर्क
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि यह गिरोह सिर्फ कोडरमा ही नहीं, बल्कि कई अन्य शहरों में भी सक्रिय था। आरोपियों के पास से मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं, जिनमें फर्जी चैट, युवतियों की तस्वीरें और ठगी के लिए इस्तेमाल किए गए QR कोड मिले हैं।
7 और लोग चिन्हित, छापेमारी जारी
मामले में बेकोबार गांव के सात अन्य लोगों की भी पहचान की गई है। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। कोडरमा थाना में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई जारी है।
पुलिस की अपील
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे ऐसे ऑनलाइन प्रलोभनों और अनजान वेबसाइटों से सावधान रहें। बिना जांचे-परखे किसी QR कोड को स्कैन करने से बचें।
Also Read : पशुपालन घोटाले में बड़ा खुलासा: 2 कर्मियों ने उड़ाए 2.94 करोड़, एक गिरफ्तार


