Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    22 Apr, 2026 ♦ 8:16 PM
    • About Us
    • Contact Us
    • Webmail
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube Telegram WhatsApp
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • देश
    • विदेश
    • झारखंड
      • कोडरमा
      • खूंटी
      • गढ़वा
      • गिरिडीह
      • गुमला
      • गोड्डा
      • चतरा
      • चाईबासा
      • जमशेदपुर
      • जामताड़ा
      • दुमका
      • देवघर
      • धनबाद
      • पलामू
      • पाकुड़
      • बोकारो
      • रांची
      • रामगढ
      • लातेहार
      • लोहरदगा
      • सराइकेला-खरसावां
      • साहेबगंज
      • सिमडेगा
      • हजारीबाग
    • राजनीति
    • बिहार
    • कारोबार
    • खेल
    • सेहत
    • अन्य
      • मनोरंजन
      • शिक्षा
      • धर्म/ज्योतिष
    Johar LIVEJohar LIVE
    Home»झारखंड»बीआईटी मेसरा को 2.4 करोड़ का सरकारी शोध अनुदान
    झारखंड

    बीआईटी मेसरा को 2.4 करोड़ का सरकारी शोध अनुदान

    Team JoharBy Team JoharMarch 3, 2026No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    बीआईटी
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    Ranchi : बिरला प्रौद्योगिकी संस्थान (बीआईटी) मेसरा को 2.4 करोड़ रुपये का सरकारी वित्तपोषित शोध अनुदान मिला है। यह अनुदान एक बहु-संस्थागत अध्ययन के लिए दिया गया है, जिसका मकसद यह समझना है कि जलवायु परिवर्तन, पर्यावरणीय परिस्थितियाँ और सामाजिक-आर्थिक कारक भारत के विभिन्न क्षेत्रों में मानसिक स्वास्थ्य को कैसे प्रभावित करते हैं।

    अध्ययन में शामिल संस्थान और क्षेत्र

    यह अध्ययन बीआईटी मेसरा के नेतृत्व में चलाया जा रहा है। इसमें रांची मानसिक चिकित्सा एवं सहवर्ती विज्ञान संस्थान (रिनपास), बीआईटी नोएडा, राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान सिक्किम और राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान कालीकट भी शामिल हैं। ये संस्थान अलग-अलग भौगोलिक और जलवायु क्षेत्रों शहरी इलाकों, उच्च पर्वतीय क्षेत्रों, तटीय क्षेत्रों और पूर्वी भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे, ताकि व्यापक डेटा और वास्तविक परिणाम मिल सकें।

    आधुनिक तकनीक से होगा विश्लेषण

    प्रोजेक्ट में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), मशीन लर्निंग, भू-स्थानिक विज्ञान और नैदानिक मनोविज्ञान को जोड़कर ऐसे पूर्वानुमान उपकरण विकसित किए जाएंगे, जो सार्वजनिक स्वास्थ्य योजनाओं और मानसिक स्वास्थ्य हस्तक्षेपों को मजबूत बनाने में मदद करेंगे।

    डॉ. शमामा अनवर, प्रमुख अन्वेषक और कंप्यूटर विज्ञान विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर ने बताया, “हम सर्वेक्षण, पहनने योग्य स्वास्थ्य उपकरण, पोर्टेबल पर्यावरणीय सेंसर और उन्नत डेटा एनालिटिक्स का इस्तेमाल करेंगे। इसके जरिए तापमान, वायु गुणवत्ता, आर्द्रता, सामाजिक-आर्थिक तनाव और मानसिक स्वास्थ्य के बीच संबंधों का अध्ययन किया जाएगा।”

    डॉ. कीर्ति अविशेक, सह-प्रमुख अन्वेषक और भू-सूचना विज्ञान विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर ने कहा, “इस अध्ययन का प्रमुख परिणाम नीति-निर्माताओं और स्वास्थ्य अधिकारियों के लिए एक वेब-आधारित भू-सूचना मंच का विकास होगा। यह मंच क्षेत्रीय प्रवृत्तियों का विश्लेषण करेगा और जलवायु-संवेदनशील मानसिक स्वास्थ्य हस्तक्षेपों की योजना बनाने में मदद करेगा।”

    शोध दल के प्रमुख सदस्य

    बीआईटी मेसरा की परियोजना में शोध दल के प्रमुख सदस्य भी शामिल हैं। प्रमुख अन्वेषक डॉ. शमामा अनवर के नेतृत्व में यह परियोजना संचालित की जा रही है। सह-प्रमुख अन्वेषकों में डॉ. सुप्रीति कामिल्या और डॉ. कीर्ति अविशेक, दोनों बीआईटी मेसरा से हैं। इसके अलावा डॉ. स्वाति प्रसाद बीआईटी नोएडा, डॉ. अमूल रंजन सिंह रिनपास, रांची, डॉ. संग्राम रे राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान सिक्किम और डॉ. राजू हजारी राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान कालीकट इस परियोजना में शामिल हैं।

    Also Read : 16 मार्च को राज्यसभा चुनाव, बीजेपी ने नितिन नवीन सहित 9 उम्मीदवारों के घोषित किए नाम

    BIT Mesra Climate Change Dr. Amul Ranjan Singh Dr. Kirti Avishek Dr. Raju Hazari Dr. Sangram Ray Dr. Shamama Anwar Dr. Supriti Kamilya Dr. Swati Prasad environmental impact India mental health research project जलवायु परिवर्तन डॉ. अमूल रंजन सिंह डॉ. कीर्ति अविशेक डॉ. राजू हजारी डॉ. शमामा अनवर डॉ. संग्राम रे डॉ. सुप्रीति कामिल्या डॉ. स्वाति प्रसाद पर्यावरणीय प्रभाव बीआईटी मेसरा भारत मानसिक स्वास्थ्य शोध परियोजना
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleहोली से पहले कोडरमा में पुलिस का फ्लैग मार्च, शांति बनाए रखने की अपील
    Next Article देवघर के जंगल में चल रहा था साइबर ठगी का खेल, 11 आरोपी चढ़े पुलिस के हत्थे

    Related Posts

    झारखंड

    धनबाद: झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा ने डीसी को सौंपा ज्ञापन, सम्मान शिविर आयोजित करने की मांग

    April 22, 2026
    खूंटी

    पृथ्वी दिवस पर मुरहू में जागरूकता अभियान, छात्राओं को सुरक्षा व पर्यावरण संरक्षण की दी जानकारी

    April 22, 2026
    झारखंड

    रांची में स्वदेशी और कला का महाकुंभ: ‘सांसद सांस्कृतिक महोत्सव’ में 150 नि:शुल्क स्टॉल का मौका, 1 मई से होगा आगाज़

    April 22, 2026
    Latest Posts

    धनबाद: झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा ने डीसी को सौंपा ज्ञापन, सम्मान शिविर आयोजित करने की मांग

    April 22, 2026

    पृथ्वी दिवस पर मुरहू में जागरूकता अभियान, छात्राओं को सुरक्षा व पर्यावरण संरक्षण की दी जानकारी

    April 22, 2026

     बिहार में सड़कों-पुलों का काम तय समय में पूरा होगा, विभाग ने दिए सख्त निर्देश

    April 22, 2026

    रांची में स्वदेशी और कला का महाकुंभ: ‘सांसद सांस्कृतिक महोत्सव’ में 150 नि:शुल्क स्टॉल का मौका, 1 मई से होगा आगाज़

    April 22, 2026

    जनगणना से लेकर मुखिया सम्मेलन तक, डीसी मंजूनाथ भजन्त्री ने दी अफसरों को सख्त हिदायत

    April 22, 2026

    © 2026 Johar LIVE. Designed by Launching Press. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.