मुस्कान चौधरी
कभी सिमडेगा की कच्ची जमीन पर हॉकी स्टिक थामने वाली बेटियां आज देश की जर्सी पहनकर अंतरराष्ट्रीय मैदानों में उतरने को तैयार हैं. झारखंड लगातार भारतीय महिला हॉकी को नई प्रतिभाएं दे रहा है और एक बार फिर राज्य की चार खिलाड़ियों ने टीम इंडिया में जगह बनाकर इसकी पुष्टि कर दी है. जूनियर भारतीय महिला हॉकी टीम में झारखंड की कुल चार खिलाड़ियों का चयन हुआ है, जो राज्य के लिए गर्व की बात है.
रांची के बरियातू हॉकी सेंटर की चार खिलाड़ियों- बिनीमा धान, पार्वती टोप्पो, रोशनी आइंद और निशा मिंज का चयन भारतीय जूनियर महिला टीम में हुआ है. 5 से 14 जुलाई तक होने वाले इस दौरे में भारतीय टीम सात अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेलेगी. इन खिलाड़ियों का चयन बरियातू हॉकी सेंटर में हो रहे बेहतर प्रशिक्षण और उनकी कड़ी मेहनत का परिणाम माना जा रहा है. भारतीय जूनियर टीम इस दौरे में सात अंतरराष्ट्रीय मैच खेलेगी. हॉकी झारखंड के महासचिव विजय शंकर सिंह ने इसे राज्य के लिए गौरव का क्षण बताया, वहीं कोच करुणा पूर्ति ने कहा कि खिलाड़ियों की मेहनत और समर्पण का यह परिणाम है.
जूनियर टीम के बाद सीनियर भारतीय महिला हॉकी टीम में भी झारखंड की तीन खिलाड़ियों ने अपनी जगह बनाई है. सिमडेगा की सलीमा टेटे को भारतीय महिला टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है. वहीं, खूंटी की अनुभवी डिफेंडर निक्की प्रधान और उभरती खिलाड़ी दीपिका सोरेन भी टीम का हिस्सा हैं. इन खिलाड़ियों को हालिया अंतरराष्ट्रीय दौरों और राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविरों के लिए चुना गया है.
लगातार राष्ट्रीय टीम में खिलाड़ियों का चयन इस बात का प्रमाण है कि झारखंड, विशेषकर सिमडेगा, खूंटी और रांची, महिला हॉकी की नई प्रतिभाओं की मजबूत नर्सरी बन चुका है. भारतीय महिला हॉकी टीम में अब तक कई खिलाड़ी झारखंड से पहुंची हैं, लेकिन उनमें पांच नाम ऐसे हैं जिन्होंने अपने प्रदर्शन और उपलब्धियों से सबसे गहरी छाप छोड़ी है.
1. सलीमा टेटे
सिमडेगा की सलीमा टेटे भारतीय महिला हॉकी टीम की प्रमुख मिडफील्डर हैं और वह टीम की कप्तानी भी कर चुकी हैं. अपने शानदार खेल और नेतृत्व क्षमता के दम पर उन्होंने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान बनाई है. वर्ष 2023 में उन्हें अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया था. इसके साथ ही वह यह प्रतिष्ठित सम्मान प्राप्त करने वाली झारखंड की पहली महिला खिलाड़ी बनीं.
2. निक्की प्रधान
खूंटी की निक्की प्रधान भारतीय महिला हॉकी टीम की अनुभवी डिफेंडर हैं. वह ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली झारखंड की पहली महिला खिलाड़ी हैं. निक्की ने रियो 2016 और टोक्यो 2020 ओलंपिक में भारतीय टीम का हिस्सा बनकर राज्य का नाम रोशन किया. अपने लंबे अंतरराष्ट्रीय अनुभव और लगातार बेहतरीन प्रदर्शन के कारण वह भारतीय महिला हॉकी टीम की सबसे अनुभवी खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं.
3. संगीता कुमारी
सिमडेगा की संगीता कुमारी भारतीय महिला हॉकी टीम की आक्रामक फॉरवर्ड खिलाड़ियों में शामिल हैं. अपनी तेज गति और गोल करने की क्षमता के कारण उन्होंने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अलग पहचान बनाई है. संगीता ने 2022 के बर्मिंघम राष्ट्रमंडल खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व किया था और कई अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों में प्रभावशाली प्रदर्शन कर भारतीय टीम में अपनी मजबूत जगह बनाई है.
4. ब्यूटी डुंगडुंग
सिमडेगा की ब्यूटी डुंगडुंग भारतीय महिला हॉकी टीम की उभरती हुई फॉरवर्ड खिलाड़ियों में शामिल हैं. उन्होंने जूनियर स्तर पर शानदार प्रदर्शन करते हुए जूनियर विश्व कप में अपनी प्रतिभा का परिचय दिया. इसके अलावा आयरलैंड में आयोजित फाइव्स टूर्नामेंट में उनके बेहतरीन खेल ने सबका ध्यान आकर्षित किया. लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन के दम पर ब्यूटी ने सीनियर भारतीय महिला हॉकी टीम में अपनी जगह बनाई और आज वह झारखंड की नई पीढ़ी की प्रतिभाशाली खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं.
5. सुमरई टेटे
सिमडेगा की सुमरई टेटे भारतीय महिला हॉकी की दिग्गज खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं. पूर्व डिफेंडर और कप्तान रहीं सुमरई ने लंबे समय तक भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व किया. वह वर्ष 2002 के मैनचेस्टर राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली ऐतिहासिक भारतीय टीम की सदस्य थीं. अपने शानदार योगदान और उपलब्धियों के लिए उन्हें प्रतिष्ठित ध्यानचंद पुरस्कार से सम्मानित किया गया, जिससे वह यह सम्मान प्राप्त करने वाली पहली महिला हॉकी खिलाड़ी बनीं.

