Jamshedpur : जमशेदपुर के जाने-माने और डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन से जुड़े वरिष्ठ अधिवक्ता प्रताप नारायण गोप का शनिवार सुबह निधन हो गया। वे 85 वर्ष के थे और पिछले कुछ समय से बीमार चल रहे थे। इलाज के दौरान बारीडीह स्थित मर्सी अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर मिलते ही अधिवक्ताओं और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों में शोक की लहर दौड़ गई।
रविवार को होगा अंतिम संस्कार
परिवार के अनुसार, उनका अंतिम संस्कार रविवार पूर्वाह्न 11 बजे बिष्टुपुर सर्किट हाउस क्षेत्र स्थित बेलडीह कब्रिस्तान में किया जाएगा। उनके अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचने की संभावना है।
57 वर्षों तक की वकालत, लोक अभियोजक भी रहे
वरिष्ठ अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू ने बताया कि प्रताप नारायण गोप ने करीब 57 वर्षों तक जमशेदपुर में वकालत की। वे फौजदारी और दीवानी, दोनों मामलों के अनुभवी अधिवक्ता थे। उन्होंने लगभग 13 वर्षों तक लोक अभियोजक के रूप में भी अपनी सेवाएं दीं। अपने लंबे अनुभव, सादगी और व्यवहार के कारण वे अधिवक्ताओं के बीच खास पहचान रखते थे।
सामाजिक कार्यों में भी रहे सक्रिय
गोप बाबू केवल कानून के क्षेत्र तक सीमित नहीं रहे। वे सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाते थे। बिरसा सेवा दल सहित कई संस्थाओं से जुड़े रहकर उन्होंने अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए काम किया। उनके परिवार में अब बहू और पौत्र ही हैं। उनकी पत्नी और दोनों पुत्रों का निधन पहले ही हो चुका है। परिवार के लिए यह गहरा आघात है।
अधिवक्ताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने दी श्रद्धांजलि
उनके निधन पर झारखंड बार काउंसिल के उपाध्यक्ष राजेश कुमार शुक्ल, बार एसोसिएशन के अध्यक्ष आर नाथ दास, सचिव राजेश रंजन सहित कई अधिवक्ताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने गहरा शोक व्यक्त किया। सभी ने उनके योगदान को याद करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की और परिवार को ढांढस बंधाया।

