Ranchi : रांची मंडल में आरपीएफ की सतर्कता ने एक बार फिर मानव तस्करों की योजना को नाकाम कर दिया। बीते 09 मार्च को ऑपरेशन “AAHT” के तहत हटिया रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ पोस्ट हटिया, सीआईबी आरपीएफ रांची और महिला सुरक्षा सेल रांची की संयुक्त टीम ने विशेष अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान तीन नाबालिग बच्चों को तस्करी के जाल से सुरक्षित बचाया गया और एक संदिग्ध आरोपी को गिरफ्तार किया गया।
गोपनीय सूचना पर कार्रवाई
आरपीएफ को गोपनीय सूचना मिली थी कि कुछ व्यक्ति नाबालिगों को काम दिलाने के नाम पर अपने साथ ले जा रहे हैं। सूचना मिलने के बाद टीम ने 09 मार्च को लगभग 3:30 बजे हटिया रेलवे स्टेशन पर सघन जांच अभियान शुरू किया।
संदिग्ध को पकड़ने की कहानी
अभियान के दौरान लगभग 4:15 बजे ट्रेन संख्या 13351 के प्लेटफार्म नंबर 03 पर सामान्य कोच में तीन नाबालिग लड़कों के साथ एक संदिग्ध व्यक्ति पाया गया। पूछताछ में उसके उत्तर संतोषजनक नहीं थे। इसके बाद टीम ने सभी को ट्रेन से उतारकर आगे पूछताछ की। जांच में पता चला कि अरुण राम (38 वर्ष), निवासी लखीसराय, बिहार बच्चों को तमिलनाडु के तिरुप्पुर में काम दिलाने के बहाने अपने साथ ले जा रहा था। बच्चों को प्रति माह 10,000 रुपये मजदूरी का लालच देकर लाया जा रहा था। पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि अरुण राम बिहार से मजदूरों को लाकर कपड़ा दुकान में काम पर लगवाने का काम करता है।
जब्ती और आगे की कार्रवाई
तलाशी के दौरान आरोपी के पास से मोबाइल फोन, रेलवे टिकट और अन्य दस्तावेज बरामद किए गए। सभी दस्तावेज जब्त कर लिए गए। आरोपी अरुण राम को गिरफ्तार कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई के बाद AHTU कोतवाली रांची को सौंपा गया। वहीं, तीनों नाबालिग बच्चों को सुरक्षित बालाश्रय रांची को सुपुर्द कर दिया गया।
अभियान में शामिल टीम
इस सफल अभियान में आरपीएफ पोस्ट हटिया के निरीक्षक रूपेश कुमार, अपराध शाखा रांची के इंस्पेक्टर, महिला सुरक्षा सेल रांची की इंस्पेक्टर एस आर कूजुर, सब इंस्पेक्टर सूरज राजबंशी और अन्य स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। यह पूरी कार्रवाई मंडल सुरक्षा आयुक्त पवन कुमार के निर्देश पर की गयी।
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