Close Menu
Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • JPSC / JSSC
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    • होम
    • JPSC / JSSC
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Home»जोहार ब्रेकिंग»झारखंड के नेता ने हिला दी महाराष्ट्र की डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार की कुर्सी, आखिर कौन हैं वो?
    जोहार ब्रेकिंग

    झारखंड के नेता ने हिला दी महाराष्ट्र की डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार की कुर्सी, आखिर कौन हैं वो?

    Joharlive NetworkBy Joharlive NetworkJuly 15, 2026No Comments5 Mins Read10
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    आनंद दत्त, जोहार लाइव के लिए

    राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) में लंबे समय से सुलग रहा असंतोष अब खुलकर सामने आ गया है. पार्टी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाने को अदालत में चुनौती देते हुए कानूनी नोटिस भेजा है. वहीं, पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल ने भी संगठन में “सुधारात्मक कदम” उठाने की जरूरत स्वीकार की है. इन घटनाक्रमों ने पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के कुछ महीनों बाद पार्टी के भीतर उभर रही नई दरारों को उजागर कर दिया है.

    दरअसल NCP के राष्ट्रीय सचिव और झारखंड प्रदेश अध्यक्ष सच्चिदानंद सिंह ने सुनेत्रा पवार, प्रफुल्ल पटेल और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव एवं चुनाव नोडल अधिकारी बृजमोहन श्रीवास्तव को कानूनी नोटिस भेजा है. इसमें 26 फरवरी को मुंबई में हुए राष्ट्रीय अधिवेशन में सुनेत्रा पवार के चुनाव को “अवैध, अस्तित्वहीन और शून्य” घोषित करने की मांग की गई है.

    बीते 9 जुलाई को जारी नोटिस में सच्चिदानंद सिंह ने आरोप लगाया गया है कि सुनेत्रा पवार के चुनाव के दौरान पार्टी संविधान का उल्लंघन किया गया. सिंह का कहना है कि अजित पवार के निधन के बाद 17 फरवरी को हुई बैठक में यह तय हुआ था कि प्रफुल्ल पटेल अंतरिम राष्ट्रीय अध्यक्ष रहेंगे. लेकिन अगले ही दिन बिना संवैधानिक प्रक्रिया अपनाए नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया शुरू कर दी गई.

    नोटिस में कहा गया है कि राष्ट्रीय अधिवेशन बुलाने और अध्यक्षीय चुनाव कराने का अधिकार केवल अधिकृत कार्यकारी अध्यक्ष को था, न कि महासचिव को.

    Screen shot

    चुनाव प्रक्रिया पर गंभीर सवाल

    सच्चिदानंद सिंह ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान कई अनिवार्य संवैधानिक प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया गया, जिनमें स्वतंत्र केंद्रीय चुनाव प्राधिकरण की नियुक्ति, चुनाव कार्यक्रम की आधिकारिक घोषणा, नामांकन आमंत्रित करना और मतदान की प्रक्रिया अपनाना शामिल है.

    उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रीय सचिव होने के बावजूद उन्हें न तो अधिवेशन की औपचारिक सूचना दी गई और न ही चुनाव लड़ने या प्रक्रिया में भाग लेने का अवसर मिला. उनका दावा है कि उन्होंने अधिवेशन में उपस्थित होकर आपत्ति भी दर्ज कराई थी, लेकिन उसे नजरअंदाज कर दिया गया.

    नोटिस में पार्टी नेतृत्व को 15 दिन का समय दिया गया है. इसमें मांग की गई है कि, चुनाव आयोग को भेजे गए दस्तावेज वापस लिए जाएं. सुनेत्रा पवार के चुनाव और पदाधिकारियों की सूची को रद्द किया जाए. इसके अलावा स्वतंत्र केंद्रीय चुनाव प्राधिकरण बनाया जाए और पार्टी संविधान के अनुसार नए सिरे से संगठनात्मक चुनाव कराए जाएं.

    नोटिस में चेतावनी दी गई है कि मांगें नहीं मानी गईं तो सच्चिदानंद सिंह अदालत और चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटाएंगे. इस मामले पर NCP की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई. हालांकि पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल ने पत्रकारों से कहा, “अजित पवार के निधन से जो खालीपन पैदा हुआ है, उसे भरना आसान नहीं है. पार्टी को सुधारात्मक कदम उठाने होंगे.”

    जोहार लाइव से बात करते हुए सच्चिदानंद सिंह कहते हैं, ‘’हम दो टर्म के प्रदेश अध्यक्ष और तीन टर्म के नेशनल सेक्रेटरी हैं. संगठन में जो भी फिलहाल निर्णय लिए गए हैं, वो सब पार्टी के संविधान के खिलाफ है. पार्टी के बाहर का कोई सवाल खड़ा करे, उससे पहले मैंने खुद आंतरिक लोकतंत्र को ध्यान में रखते हुए सुनेत्रा पवार के चयन को चुनौती दी है.’’

    लोग ये सवाल उठा रहे हैं कि अपरोक्ष तौर पर आप प्रफुल्ल पटेल के निर्देश पर यह सब कर रहे हैं. वरना भला झारखंड के प्रदेश अध्यक्ष का पड़ी जो सीधे केंद्रीय नेतृत्व को चुनौती दे.

    जवाब में सच्चिदानंद सिंह कहते हैं, ‘’इसमें जीरो प्रतिशत सच्चाई है. मैंने तो उन्हें भी नोटिस भेजा है. नोटिस भेजने से पहले मैंने फरवरी माह में ही पार्टी के सभी वरिष्ठ नेताओं को चिट्ठी लिखकर जवाब मांगा था, लेकिन आज तक मुझे किसी का जवाब नहीं मिला. जहां तक बात प्रफुल्ल पटेल की है, पार्टी और उम्र, वो मुझसे दोनों में जूनियर हैं. मैं उनसे पहले से पार्टी में हूं. नोटिस का जवाब देने के लिए उनके पास अभी भी 11 दिन बचे हैं, इसके बाद मैं रणनीति तय करूंगा.’’

    पार्थ पवार की बढ़ती भूमिका से असंतोष

    सूत्रों के मुताबिक, अप्रैल में राज्यसभा सदस्य बनने के बाद पार्थ पवार का पार्टी के संगठनात्मक मामलों में प्रभाव लगातार बढ़ा है. बताया जा रहा है कि वह अपनी मां सुनेत्रा पवार की ओर से कई महत्वपूर्ण फैसले ले रहे हैं, जिससे कई विधायक और पदाधिकारी असहज हैं.

    पार्टी के एक वर्ग का मानना है कि पार्थ पवार जनता के बीच सक्रिय नहीं रहते और संगठन का प्रभावी चेहरा बनने में अभी सफल नहीं हो पाए हैं. रिपोर्ट के अनुसार, भाजपा की ओर से कई बार आश्वासन दिए जाने के बावजूद NCP को अब तक वित्त मंत्रालय वापस नहीं मिला है, जो पहले अजित पवार के पास था.

    बताया गया है कि सुनेत्रा पवार और पार्थ पवार ने हाल ही में नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर इस मुद्दे पर भी चर्चा की थी.

    Also Read : दिवंगत अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार बनीं महाराष्ट्र की डिप्टी सीएम, ली शपथ

    NCP उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार पार्थ पवार राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी सच्चिदानंद सिंह
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleक्या बढ़ सकती है भोलानाथ सिंह की मुश्किलें? असुंता लकड़ा की शिकायत पर खेल मंत्रालय ने दिया जांच का आदेश
    Next Article बिहारः बांकीपुर उपचुनाव में प्रशांत किशोर का पलड़ा कैसे है भारी, बता रहे हैं शिवानंद तिवारी

    Related Posts

    JPSC / JSSC

    जोहार लाइव इन्वेस्टिगेशन : सीजीएल पेपर लीक दबाने के लिए क्या पूर्व डीजीपी अनुराग गुप्ता ने संतोष मस्ताना को भिजवाया था जेल?

    September 8, 2026
    JPSC / JSSC

    JSSC-CGL गड़बड़ी: अभ्यर्थियों को होटल में रटवाए थे प्रश्न-उत्तर, आरोपी राजन गिरफ्तार

    September 7, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    13,681 पेड़ों की कटाई पर हाईकोर्ट सख्त, चतरा बाईपास सड़क निर्माण पर अंतरिम रोक

    September 7, 2026
    झारखंड

    स्वच्छ वायु सर्वेक्षण 2026 : रांची से आगे निकला धनबाद, देखें झारखंड के शहरों-वार्डों की पूरी रैंकिंग

    September 7, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    सोशल मीडिया प्रोफाइल से छेड़छाड़ पर देवेंद्र नाथ महतो नाराज, बोले- बढ़ते जनाधार से घबराए विरोधी

    September 7, 2026
    क्राइम

    लोजपा विधायक जनार्धन पासवान के बेटे को चंद घंटों में खोज निकाला रांची पुलिस ने, मामले की तफ्तीश जारी

    September 7, 2026
    Latest Posts

    जोहार लाइव इन्वेस्टिगेशन : सीजीएल पेपर लीक दबाने के लिए क्या पूर्व डीजीपी अनुराग गुप्ता ने संतोष मस्ताना को भिजवाया था जेल?

    September 8, 2026

    JSSC-CGL गड़बड़ी: अभ्यर्थियों को होटल में रटवाए थे प्रश्न-उत्तर, आरोपी राजन गिरफ्तार

    September 7, 2026

    13,681 पेड़ों की कटाई पर हाईकोर्ट सख्त, चतरा बाईपास सड़क निर्माण पर अंतरिम रोक

    September 7, 2026

    स्वच्छ वायु सर्वेक्षण 2026 : रांची से आगे निकला धनबाद, देखें झारखंड के शहरों-वार्डों की पूरी रैंकिंग

    September 7, 2026

    सोशल मीडिया प्रोफाइल से छेड़छाड़ पर देवेंद्र नाथ महतो नाराज, बोले- बढ़ते जनाधार से घबराए विरोधी

    September 7, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    © 2026 Johar LIVE. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.