जोहार लाइव ब्यूरो
झारखंड के गोड्डा जिले से एक गंभीर घटना सामने आई है. एक आदिवासी महिला ने चर्च के फादर पर यौन शोषण का आरोप लगाय है. इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई है. फिलहाल फादर की गिरफ्तारी नहीं हुई है.
मिली जानकारी के मुताबिक सुंदरपहाड़ी इलाके के तिलाबाद मिशन में रसोइये का काम करनेवाली 32 वर्षीय एक महिला ने फादर थॉमस सोरेन पर जबरन बलात्कार के आरोप लगाए हैं. एक लिखित शिकायत में महिला ने पूरी घटना की जानकारी दी है.
लिखित जानकारी के मुताबिक, तिलाबाद मिशन में पीड़ित महिला और उसका पति, दोनों रसोइये का काम करते हैं. महिला को फादर का खाना बनाने के लिए 9 हजार रुपए और पति को हॉस्टल के बच्चों का खाना बनाने के बदले 7 हजार रुपए मिलता है.
पीड़िता ने बताया, दिनांक 19 जून को फादर थॉमस ने हॉस्टल के बीमार बच्चों को गांव पहुंचाने के लिए मेरे पति को जीतपुर और भेज दिया. उसी दिन शाम 5 बजे जब मैं फादर के किचन मे अकेली सब्जी बना रही थी, उस वक्त किचन से बुलाकर अपने बेडरूम ले गया. अंदर जाने के बाद दरवाजा बंद कर के जबरदस्ती बलात्कार किया. इसके बाद मुझे धमकी दिया कि अगर विरोध करोगी तो तुम्हारे बच्चों को स्कूल से निकाल देंगे. यही नहीं, तुमको तथा तुम्हारे पति को भी रसोइया के काम से भी हटा देंगे.
उसके बाद से फादर थॉमस सोरेन कभी मेरे पति को हटिया भेज देता था सब्जी लाने के लिए, उस वक्त भी जबरदस्ती अपने रूम में लेकर जाता था और बलात्कार करता था. अब हम कभी ऑफिस रूम की सफाई करने भी जाती थी, वहां भी मेरे साथ जबरन बलात्कार करता था.
पीड़िता ने आगे कहा, 15 जुलाई को सुबह 3.30 बजे फादर थॉमस सोरेन ने मुझे चाय बनाने के बहाने बुलाया और मेरे पति को बच्चों के रसोई में आग लगाने भेज दिया. मुझे अपने रूम में जबरन ले जाकर मेरे साथ जोर-जबरद्सती करने लगा, तब मैंने बोला कि मेरा यह समय सही नहीं है, गर्भ ठहरने का डर है और हमारे बच्चे भी हैं. अगर गर्भ ठहर जाएगा तो दिक्कत हो जाएगी. तब फादर बोला कि जो भी होगा, हम समझ लेंगे.
गर्भपात कराने के बाद पैसे वसूली की देता था धमकी
जब दो माह तक मैंने अपना मासिक धर्म नहीं देखा, तब मैंने फादर थॉमस को बोला कि मेरा गर्भ ठहर गया है. तब वह हमको घर पर आराम करने के लिए भेज दिया. उस समय भी वह मोबाइल से वीडियो कॉल करता था. और अपना गुप्तांग दिखाता था और हमको भी दिखाने बोलता था. फिर हमको गर्भनाशक दवाई लाकर दिया और जब उससे मेरा अत्यधिक खून बहने लगा और मेरी तबीयत खराब होने लगी, तब मैंने पूरी बात अपने पति को बताई.
फिर मुझे और मेरे पति को फादर अपने रूम में लेकर गया और वहां पर बोला कि हमसे गलती हो गया है. हमको माफ कर दीजिये. हम इसका धुलाई करवा देंगे और इलाज भी करवा देंगे.
तब मुझे और मेरे पति को फादर थॉमस सोरेन ने गोड्डा लाइफ केयर हॉस्पिटल लेकर गया और मेरी जांच करवाई. इस इलाज के दूसरे दिन यानी 29 सितंबर को सरकंडा लेकर आया और उपचार कराया. यहां इलाज के दौरान मेरा बहुत ज्यादा खून बह गया. मैं गर्भपात के लिए तैयार नहीं हो रही थी, तो काम से निकालने की धमकी देता था.
खून ज्यादा बहने के कारण मेरी तबीयत और खराब हो गई. तब गोड्डा प्राइवेट अस्पताल गोड्डा में हमको एक यूनिट ब्लट चढ़ाया. जिस पर कुल खर्च फादर ने 60 हजार बताया और बोलने लगा कि हम बहुत खर्च किए हैं, इसका वसूली तुम्ही से करेंगे. इस संबंध में मिशन में कई बार पंचायती हुई. मिशन से संबंधित सारे लोग हमको दवाब देने लगे. कहने लगे, चुप रहो मिशऩ के फादर की बदनामी होगी.
पीड़ित महिला ने इस संबंध में पहले राष्ट्रीय महिला आयोग की पूर्व सदस्य ममता कुमारी के पास शिकायत लेकर पहुंची. जिसके बाद ममता कुमारी ने जिले के एसपी से इस संबंध में एफआईआर दर्ज करने का अनुरोध किया है.
ताजा जानकारी के मुताबिक सुंदरपहाड़ी थाने में एफआईआर दर्ज करा दी गई है, मामले की जांच जारी है. ममता कुमारी ने बताया कि थाना प्रभारी ने उन्हें आश्वासन दिया है कि वो फादर की तत्काल गिरफ्तारी का प्रयास कर रहे हैं.
वहीं थाना प्रभारी विधान पटेल ने बताया कि कल शाम यानी 1 नवंबर को एफआईआर दर्ज कराई गई है. आरोपी की गिरफ्तारी के लिए स्कूल परिसर समेत कई अन्य जगहों पर छापेमारी की गई है. फिलहाल आरोपी फरार है. लेकिन हम लगातार छापेमारी कर रहे हैं, जल्द ही गिरफ्तारी होगी.


