रांची: जीईएल चर्च के राइट रेवरेंड बिशप सिमांत तिर्की के आकस्मिक निधन पर पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय ने गहरा दुख जताया है. उन्होंने दिवंगत बिशप को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनका निधन मसीही समाज और धार्मिक जगत के लिए अपूरणीय क्षति है.
अपने शोक संदेश में सुबोधकांत सहाय ने कहा कि बिशप सिमांत तिर्की ने अपना जीवन प्रभु की सेवा, मानवता, समाज के उत्थान और धार्मिक-सामाजिक एकता के लिए समर्पित किया था. उनके व्यक्तित्व में सेवा, समर्पण, प्रेम और करुणा की भावना समाहित थी.
उन्होंने कहा कि बिशप सिमांत तिर्की ने अपने कार्यों और विचारों से समाज में विशेष पहचान बनाई थी. उनके निधन से न केवल जीईएल चर्च परिवार, बल्कि पूरे मसीही समाज ने एक महत्वपूर्ण व्यक्तित्व को खो दिया है.
सुबोधकांत सहाय ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की. साथ ही शोक संतप्त परिवार, जीईएल चर्च के पदाधिकारियों, धर्मगुरुओं और अनुयायियों को इस दुख की घड़ी में धैर्य और शक्ति प्रदान करने की कामना की. उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में वे शोकाकुल परिवार और पूरे चर्च समुदाय के साथ हैं.
वहीं, जीईएल चर्च, रांची के बिशप Rt. Rev. सीमान्त संदीप तिर्की के आकस्मिक निधन की सूचना मिलने पर आज कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की एवं पूर्व मंत्री बंधु तिर्की उनके निवास स्थान पहुँचे. दोनों ने दिवंगत बिशप को श्रद्धासुमन अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा शोकाकुल परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएँ व्यक्त कीं.
मंत्री नेहा तिर्की ने कहा – समाज के लिए अपूरणीय क्षति
मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की एवं बंधु तिर्की ने कहा कि बिशप सीमान्त संदीप तिर्की जी का निधन कलीसिया समाज के साथ-साथ पूरे सामाजिक जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है. समाज के दबे-कुचले, वंचित एवं जरूरतमंद वर्गों के उत्थान तथा शिक्षा के क्षेत्र में उनके द्वारा किए गए उल्लेखनीय कार्य सदैव याद किए जाएंगे. उन्होंने अपने सेवाभाव, विचारों और सामाजिक योगदान से समाज में एक विशिष्ट पहचान बनाई थी.
उन्होंने कहा कि इस दुःख की घड़ी में उनकी गहरी संवेदनाएँ शोकाकुल परिजनों, जीईएल चर्च परिवार एवं समस्त विश्वासियों के साथ हैं. प्रभु परमेश्वर दिवंगत बिशप सीमान्त संदीप तिर्की को अपनी शाश्वत शांति प्रदान करें तथा उनके परिजनों एवं सभी विश्वासियों को इस अपार दुःख को सहन करने की शक्ति और धैर्य दें.
बिशप सिमंत तिर्की रांची स्थित गोस्सनर इवेंजेलिकल लूथरन (जीईएल) चर्च के वरिष्ठ धर्मगुरु थे. वे ऑल चर्चेज कमेटी के अध्यक्ष भी थे. धार्मिक नेतृत्व के साथ मसीही समाज के सामाजिक और सामुदायिक कार्यक्रमों में उनकी सक्रिय भागीदारी रही है. 30 अक्टूबर 2026 को उनका निधन हो गया. शनिवार, 31 अक्टूबर को सुबह 9 बजे गोस्सनर थियोलॉजिकल कॉलेज परिसर में प्रार्थना और शोकसभा होगी. दोपहर 12 बजे जीईएल चर्च कब्रिस्तान में उन्हें दफनाया जाएगा.


