रांची : राजधानी रांची स्थित हेवी इंजीनियरिंग कॉरपोरेशन लिमिटेड यानी HEC को फिर से मजबूत करने की कोशिश तेज होती दिख रही है. शुक्रवार को HEC के पुनरुद्धार को लेकर गठित छह सदस्यीय केंद्रीय संसदीय उप-समिति के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात की. प्रतिनिधिमंडल ने कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में मुख्यमंत्री से मुलाकात की. बैठक में HEC की मौजूदा स्थिति और इसे दोबारा पटरी पर लाने की कार्ययोजना को लेकर विस्तार से चर्चा हुई. इस दौरान संस्थान की वित्तीय और औद्योगिक स्थिति के साथ-साथ इसके पुनरुद्धार के लिए जरूरी कदमों पर भी विचार-विमर्श किया गया.
HEC को फिर से मजबूत करने पर जोर
बैठक में समिति के सदस्यों ने HEC के भविष्य को लेकर मुख्यमंत्री के साथ चर्चा की. संस्थान को आर्थिक और औद्योगिक रूप से मजबूत बनाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार के स्तर पर किस तरह बेहतर तालमेल बनाया जाए, इस पर भी बात हुई. समिति ने HEC के पुनरुद्धार के लिए आगे की कार्ययोजना को लेकर मुख्यमंत्री से विचार साझा किए. बैठक में इस बात पर जोर रहा कि केंद्र और राज्य के बीच बेहतर समन्वय के जरिए HEC को दोबारा मजबूती दी जा सकती है.
देश के लिए महत्वपूर्ण रहा है HEC
रांची का HEC देश के प्रमुख भारी इंजीनियरिंग संस्थानों में रहा है. सार्वजनिक क्षेत्र के इस प्रतिष्ठान ने देश की कई बड़ी औद्योगिक और आधारभूत ढांचा परियोजनाओं के लिए जरूरी भारी मशीनरी और उपकरण तैयार किए हैं. ऐसे में HEC की मौजूदा स्थिति और इसके पुनरुद्धार को लेकर केंद्रीय संसदीय उप-समिति की सक्रियता को महत्वपूर्ण माना जा रहा है. लंबे समय से HEC को आर्थिक संकट से उबारने और उसे फिर से उत्पादन के रास्ते पर लाने की मांग उठती रही है.
मुख्यमंत्री से मुलाकात करने वाले प्रतिनिधिमंडल में केंद्रीय संसदीय उप-समिति के अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद तिरुची शिवा, सांसद विजय हांसदा, राज्यसभा सांसद सुलता देव, सांसद कोंडा विश्वेश्वर रेड्डी, सांसद हँसमुखभाई सोमाभाई पटेल और सांसद चंदन चौहान शामिल रहे. बैठक को HEC के पुनरुद्धार की दिशा में केंद्र और राज्य के बीच समन्वय बढ़ाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है.
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