पूर्व भारतीय महिला हॉकी टीम की कप्तान असुंता लकड़ा द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद झारखंड खेल जगत में बवाल मच गया है. अब इस पूरे विवाद में एक नया मोड़ आ गया है. आरोपी पूर्व कोच सुधीर गोल्ला ने अपने ऊपर लगे सभी इल्जामों को सिरे से खारिज कर दिया है. सुधीर गोल्ला ने एक वीडियो जारी कर असुंता लकड़ा के दावों को पूरी तरह झूठा और मनगढ़ंत बताया है.
वीडियो जारी करते हुए सुधीर गोल्ला ने कहा कि वे मोरहाबादी एक्सीलेंसी में बतौर हॉकी कोच अपनी सेवाएं दे रहे हैं. उन्होंने कहा, “मेरे ऊपर पूर्व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी और एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता असुंता लकड़ा जो भी आरोप लगा रही हैं, वे सब उनकी खुद की बनाई हुई कहानियां हैं. वह सिर्फ अपने निजी फायदे के लिए यह सब कर रही हैं.” गोल्ला ने आरोप लगाया कि इन झूठे इल्जामों के पीछे झारखंड सरकार और अपनी ताकत का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है.
सुधीर गोल्ला ने दावा किया कि उनके आगे बढ़ने से कुछ लोग असुरक्षित महसूस कर रहे हैं. उन्होंने कहा, “मैं एक साधारण सा कोच हूं. जब मुझे रांची रॉयल्स टीम में एक अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी के साथ असिस्टेंट कोच बनाया गया, तो असुंता लकड़ा इसे बर्दाश्त नहीं कर पाईं. वह इतनी असुरक्षित हो गईं कि उन्होंने मेरे ट्रेनिंग सेशन, जिम और एचएएल के समय को लेकर बेसलेस आरोप लगाने शुरू कर दिए.” गोल्ला के मुताबिक, असुंता के बयानों को देखकर साफ पता चलता है कि वह किसी एक मुद्दे पर टिकी नहीं हैं और उन्हें बाहर के कुछ लोग भड़का रहे हैं.
कामयाबी से जलकर मिल रही हैं धमकियां
अपने कोचिंग रिकॉर्ड का हवाला देते हुए सुधीर गोल्ला ने कहा कि हाल ही में वह सब-जूनियर महिला टीम के हेड कोच और नेशनल गेम्स में उत्तराखंड टीम के मैनेजर रहे हैं. उनके नेतृत्व में टीमों ने गोल्ड और ब्रॉन्ज मेडल जीते हैं. उन्होंने कहा, “इतने सालों से यही लोग टीम लेकर जाते थे और ट्रेनिंग करवाते थे. अब जब बाहर का कोच आकर ट्रेनिंग दे रहा है, मेडल आ रहे हैं और बच्चों को नौकरियां मिल रही हैं, तो इन्हें दिक्कत हो रही है. जैसे ही मुझे अंडर-18 मेंस टीम में असिस्टेंट कोच का मौका मिला, इन लोगों ने मेरे खिलाफ शिकायतें करना शुरू कर दिया.”
गोल्ला ने यह भी आरोप लगाया कि 26 अप्रैल से कुछ स्थानीय कोचों के साथ मिलकर उनके खिलाफ साजिश रची जा रही है. उन्हें धमकियां दी जा रही हैं कि “तुम बहुत जल्दी ऊपर जा रहे हो, तुम्हें नीचे खींच देंगे” और “सिलेक्शन ट्रायल में हमारी बात नहीं सुनोगे तो जिंदगी बर्बाद कर देंगे, मार देंगे.”
मुख्यमंत्री और खेल मंत्री से गुहार
सुधीर गोल्ला ने इस पूरे मामले में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और खेल मंत्री सुदिव्य कुमार से दखल देने की मांग की है. उन्होंने कहा, “मैं सीएम साहब और खेल मंत्री जी से अनुरोध करता हूं कि मुझे मिलने का समय दें. मैं आपके सामने आकर बैठने और हर बात समझाने के लिए तैयार हूं कि झारखंड में हॉकी और वहां के बच्चों के साथ क्या खेल चल रहा है.” उन्होंने कहा कि अगर असुंता लकड़ा के पास कोई पुख्ता सबूत हैं तो वह सामने लाएं, वह भी जांच का सामना करने के लिए तैयार हैं.
क्या हैं असुंता लकड़ा के आरोप?
मालूम हो कि पूर्व कप्तान असुंता लकड़ा ने हॉकी इंडिया के महासचिव भोलानाथ सिंह और पूर्व कोच सुधीर गोल्ला पर बेहद गंभीर आरोप लगाए थे. लकड़ा का दावा था कि खिलाड़ियों के साथ हुए यौन उत्पीड़न के मामले में आवाज उठाने पर उन्हें धमकाया गया और करियर खत्म करने की चेतावनी दी गई. असुंता लकड़ा ने आरोप लगाया था कि सुधीर गोल्ला के खिलाफ लड़कियों के हॉस्टल में देर रात जाने और खिलाड़ियों को लाइन में खड़ा करने जैसी कई लिखित शिकायतें होने के बावजूद उन्हें बचाया जा रहा है. लकड़ा ने जांच प्रक्रिया की निष्पक्षता पर भी सवाल खड़े किए थे, जिसे अब कोच सुधीर गोल्ला ने पूरी तरह खारिज कर दिया है.
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