Ranchi : झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मंगलवार को सशस्त्र बल चिकित्सा सेवा (Armed Forces Medical Services) की महानिदेशक सर्जन वाइस एडमिरल आरती सारिन ने राजभवन स्थित लोक भवन में शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने राज्यपाल को रांची में आयोजित विशेष नेत्र चिकित्सा शिविर की जानकारी दी और बताया कि इस पहल के जरिए पूर्व सैनिकों, जनजातीय समुदाय और आम लोगों को विशेषज्ञ डॉक्टरों की सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। वाइस एडमिरल आरती सारिन ने बताया कि मुख्यालय पूर्वी कमान और मुख्यालय 111 एरिया के संयुक्त तत्वावधान में 15 से 19 जून तक नामकुम स्थित सैन्य चिकित्सालय में विशेष नेत्र चिकित्सा शिविर आयोजित किया जा रहा है। इस शिविर में नई दिल्ली के आर्मी हॉस्पिटल (रिसर्च एंड रेफरल) से आए विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सकों की टीम मरीजों का इलाज और परामर्श दे रही है।
पूर्व सैनिकों से लेकर आम लोगों तक को मिल रहा लाभ
इस विशेष शिविर में भूतपूर्व सैनिकों, उनके परिजनों, जनजातीय समुदाय के लोगों और आम नागरिकों की आंखों की जांच की जा रही है। जरूरतमंद मरीजों को विशेषज्ञों से सलाह के साथ आधुनिक नेत्र चिकित्सा सेवाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। इससे खासकर उन लोगों को राहत मिल रही है, जिन्हें सामान्य दिनों में विशेषज्ञ डॉक्टरों तक पहुंचने में दिक्कत होती है। मुलाकात के दौरान वाइस एडमिरल आरती सारिन ने बताया कि सशस्त्र बल चिकित्सा सेवा समय-समय पर ऐसे विशेष शिविर आयोजित करती रहती है। इसका मकसद सिर्फ सैनिकों को ही नहीं, बल्कि समाज के जरूरतमंद और दूरदराज के लोगों तक भी बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयासों से गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधाओं का दायरा लगातार बढ़ रहा है।
राज्यपाल ने की पहल की सराहना
राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के विशेष चिकित्सा शिविर समाज के हर वर्ग तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि सेवा और संवेदनशीलता की भावना से किए जा रहे ऐसे प्रयास सराहनीय हैं। राज्यपाल ने इस अभियान से जुड़े सभी चिकित्सकों और अधिकारियों को शुभकामनाएं भी दीं। नामकुम स्थित सैन्य चिकित्सालय में चल रहे इस पांच दिवसीय शिविर में बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम मरीजों की आंखों की जांच कर रही है और आवश्यक इलाज व परामर्श भी दे रही है। उम्मीद है कि यह शिविर सैकड़ों लोगों के लिए बेहतर नेत्र चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण साबित होगा।
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