Sahibganj : साहिबगंज के बरहरवा प्रखंड मुख्यालय में शेरशाहबादी डेवलपमेंट सोसाइटी की ओर से चल रहा अनिश्चितकालीन धरना मंगलवार को आखिरकार खत्म हो गया। यह धरना 4 मई 2026 से शेरशाहबादी जाति प्रमाण पत्र जारी करने की मांग को लेकर चल रहा था। काफी दिनों से आंदोलनकारी अपनी मांगों को लेकर डटे हुए थे और प्रशासन से ठोस पहल की मांग कर रहे थे। धरना स्थल पर पूर्व मंत्री आलमगीर आलम और राजमहल विधायक एमटी राजा पहुंचे। दोनों नेताओं ने आंदोलनकारियों से बातचीत की और उनकी मांगों को गंभीरता से उठाने का भरोसा दिया। आश्वासन मिलने के बाद आंदोलनकारियों ने धरना समाप्त करने का फैसला लिया।पूर्व मंत्री आलमगीर आलम ने कहा कि इस मुद्दे को लेकर उपायुक्त और संबंधित अधिकारियों से बातचीत की गई है। उन्होंने आंदोलनकारियों को भरोसा दिलाया कि शेरशाहबादी जाति प्रमाण पत्र निर्गत करने को लेकर प्रशासनिक स्तर पर गंभीर पहल की जाएगी। उन्होंने कहा कि समाज की मांगों को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा और समाधान निकालने की पूरी कोशिश होगी।
जांच समिति बनाने का फैसला
धरना स्थल पर राजमहल एसडीओ सदानंद महतो भी मौजूद रहे। आंदोलनकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों के बीच बातचीत के बाद एक अहम फैसला लिया गया। तय हुआ कि इस पूरे मामले की जांच के लिए एक समिति बनाई जाएगी। इस कमेटी में शेरशाहबादी डेवलपमेंट सोसाइटी के सदस्य भी शामिल रहेंगे।
रिपोर्ट राज्य सरकार को भेजी जाएगी
यह जांच समिति पूरे मामले की रिपोर्ट तैयार करेगी और उसे राज्य सरकार को भेजा जाएगा। अगर जरूरत पड़ी तो राज्य सरकार कैबिनेट स्तर पर संशोधन कर शेरशाहबादी जाति प्रमाण पत्र फिर से जारी कराने की प्रक्रिया शुरू करेगी।धरना खत्म होने के दौरान मौके पर शेरशाहबादी डेवलपमेंट सोसाइटी के कई सदस्य और पदाधिकारी मौजूद रहे। आंदोलनकारियों ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि सरकार और प्रशासन उनके मुद्दे का जल्द समाधान निकालेगा। अगर वादे पूरे नहीं हुए तो आगे फिर आंदोलन का रास्ता अपनाया जा सकता है।
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