Patna : बिहार में उच्च शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नई गाइडलाइन जारी की गई है। राज्यपाल एवं कुलाधिपति सैयद अता हसनैन के निर्देश पर अब राज्य के सभी विश्वविद्यालय और महाविद्यालय सामाजिक दायित्व भी निभाएंगे। ‘उन्नत भारत अभियान’ के तहत 13 विश्वविद्यालय 65 गांव और 250 अंगीभूत कॉलेज 1250 गांव गोद लेंगे। इस तरह कुल 1315 गांवों में शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पोषण, डिजिटल साक्षरता और महिला सशक्तीकरण जैसे कार्य किए जाएंगे। इस पहल का उद्देश्य छात्रों को समाज से जोड़ना और ग्रामीण क्षेत्रों का समग्र विकास करना है। छात्र गांवों में जागरूकता अभियान चलाएंगे और हर छात्र एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल भी करेगा।
रिसर्च और इनोवेशन पर जोर, प्रदर्शन के आधार पर होगी ग्रेडिंग
नई व्यवस्था के तहत अब विश्वविद्यालयों की ग्रेडिंग उनके प्रदर्शन के आधार पर की जाएगी। इसमें प्रोफेसरों की रिसर्च, पेटेंट, इनोवेशन, प्रोजेक्ट्स, पढ़ाई की गुणवत्ता और प्रशासनिक सुधार जैसे पहलुओं को शामिल किया जाएगा। इससे शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और परिणाम आधारित बनाने की कोशिश की जा रही है।
साथ ही सभी विश्वविद्यालयों में डिजिटल सिस्टम लागू करना अनिवार्य होगा। डिग्री और अंकपत्रों को स्कैन कर डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपलोड करना होगा, ताकि छात्रों को दस्तावेजों की आसान और सुरक्षित पहुंच मिल सके।
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