Bihar : बिहार की राजनीति में बड़ा अपडेट सामने आया है। नालंदा के विधायक श्रवण कुमार को जेडीयू विधायक दल का नेता चुन लिया गया है। पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की मंजूरी के बाद उनके नाम को विधानसभा भेजा गया, जहां से आधिकारिक नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया गया। दरअसल, नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद विधायक दल के नेता का पद खाली हो गया था। इसे लेकर रविवार को सीएम हाउस में जेडीयू विधायकों की अहम बैठक हुई। बताया जा रहा है कि विधायकों ने पहले ही श्रवण कुमार के नाम पर सहमति बना ली थी, जिस पर बाद में पार्टी नेतृत्व ने मुहर लगा दी।
तीन दिन पहले ही बढ़ाई गई थी सुरक्षा
दिलचस्प बात यह है कि श्रवण कुमार की जिम्मेदारी बढ़ने से पहले ही उनकी सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। बिहार सरकार ने उन्हें Y+ श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की है, जिससे राजनीतिक गलियारों में पहले से ही संकेत मिल रहे थे।
निशांत कुमार ने दी बधाई
इस बीच निशांत कुमार भी जेडीयू कार्यालय पहुंचे और कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। उन्होंने श्रवण कुमार को नई जिम्मेदारी मिलने पर बधाई देते हुए कहा कि यह अच्छा फैसला है।
2030 तक 200 सीटों का लक्ष्य
सीएम हाउस में हुई बैठक में जेडीयू ने बड़ा लक्ष्य तय किया। पार्टी ने 2030 तक 200 सीटें जीतने का टारगेट रखा है। बैठक में नीतीश कुमार ने कहा कि वे पूरे बिहार का दौरा करेंगे और पहले की तरह काम करते रहेंगे।
बैठक में पास हुए तीन प्रस्ताव
बैठक के दौरान तीन अहम प्रस्ताव भी लाए गए-
- दो डिप्टी सीएम बनाए जाने पर स्वागत प्रस्ताव
- विधायक दल के नेता के चुनाव के लिए नीतीश कुमार को अधिकृत करने का प्रस्ताव
- मुख्यमंत्री के रूप में नीतीश कुमार के 20 साल के कार्यकाल की सराहना
निशांत कुमार को लेकर भी चर्चा तेज
बैठक से पहले और बाद में निशांत कुमार को लेकर भी सियासी चर्चाएं तेज रहीं। कुछ विधायकों ने उन्हें भविष्य में पार्टी का नेतृत्व संभालने की बात कही। पटना में लगे पोस्टरों में भी “Next CM of Bihar” जैसे नारे चर्चा का विषय बने हुए हैं।
राजनीति में नए समीकरण के संकेत
श्रवण कुमार की ताजपोशी के साथ ही जेडीयू में नए सियासी समीकरण बनते दिख रहे हैं। आने वाले समय में इसका असर बिहार की राजनीति पर साफ नजर आ सकता है।