Bokaro : बोकारो के पेटरवार थाना क्षेत्र के खेतको में रामनवमी जुलूस के दौरान हुए हादसे के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय नजर आया। शनिवार को डीसी अजय नाथ झा खुद बोकारो जनरल अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल जाना। उन्होंने एक-एक घायल से बात कर उनकी स्थिति की जानकारी ली और डॉक्टरों से इलाज को लेकर विस्तृत जानकारी हासिल की।
घायलों से मिलकर जाना हाल
डीसी ने अस्पताल में भर्ती मिथिलेश ठाकुर, अनिल रविदास, गुलाब चंद्र दास, मदन कुमार नायक, शुभम कुमार दास और रूद्र दास से मुलाकात की। सभी की हालत अब स्थिर बताई जा रही है और उनका इलाज जारी है। घायलों ने भी प्रशासन की तत्परता पर संतोष जताया।
इलाज में कोई लापरवाही नहीं हो : डीसी
डीसी ने डॉक्टरों को साफ निर्देश दिया कि इलाज में किसी तरह की कमी नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सभी घायलों को बेहतर से बेहतर सुविधा मिले। साथ ही सिविल सर्जन डॉ. ए बी प्रसाद को पूरे मामले की निगरानी करने को कहा गया है।

समय पर कार्रवाई से टली बड़ी घटना
घटना के वक्त प्रशासन ने तेजी दिखाते हुए ग्रीन कॉरिडोर बनाया, जिससे घायलों को बिना देरी अस्पताल पहुंचाया जा सका। पहले प्राथमिक इलाज किया गया, उसके बाद सभी को बीजीएच में भर्ती कराया गया। अधिकारियों का कहना है कि अगर समय पर यह कदम नहीं उठाया जाता तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी।
जांच के लिए टीम बनाई गई
घटना की पूरी सच्चाई सामने लाने के लिए प्रशासन ने जांच टीम का गठन किया है। बेरमो के अनुमंडल पदाधिकारी के नेतृत्व में यह टीम काम करेगी और एक सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट देगी।

जागरूकता और सावधानी पर जोर
डीसी ने घायलों से कहा कि ठीक होने के बाद भगवान श्री राम और हनुमान जी को लड्डू चढ़ाएं और आगे से ऐसे हादसों से बचने के लिए दूसरों को भी जागरूक करें। उन्होंने यह भी कहा कि प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करना बहुत जरूरी है, क्योंकि यह लोगों की सुरक्षा के लिए ही होता है।
लोगों से शांति बनाए रखने की अपील
जिला प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को रामनवमी जुलूस के दौरान करंट की चपेट में आने से छह लोग हल्के रूप से घायल हो गए थे।
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