14 मार्च को होगा निरीक्षण
कॉलेज प्रशासन ने पहले ही सीट बढ़ाने के लिए आवेदन कर दिया है। इसी क्रम में 14 मार्च को यूनिवर्सिटी से जुड़े अधिकारी कॉलेज का निरीक्षण करेंगे। निरीक्षण में यह देखा जाएगा कि सभी सुविधाएं और व्यवस्थाएं तय मानकों के अनुरूप हैं या नहीं। यदि सब कुछ सही पाया जाता है, तो अगले शैक्षणिक सत्र से सीटों में बढ़ोतरी का रास्ता साफ हो जाएगा।
कौन-कौन से विभागों में बढ़ाई जाएगी सीटें
फिलहाल कॉलेज में कुल 51 पीजी सीटें उपलब्ध हैं। विभागवार वर्तमान सीटों में फिजियोलॉजी में 3, पैथोलॉजी में 8, फार्माकोलॉजी में 4, ईएनटी में 2, चर्म रोग में 2, नेत्र रोग में 2, गायनिक में 9, एनेस्थीसिया में 7 और मेडिसिन विभाग में 1 सीट शामिल है। प्रस्ताव के तहत इन विभागों में सीटों की संख्या बढ़ाई जाएगी ताकि ज्यादा छात्रों को लाभ मिल सके।
मरीजों और छात्रों को मिलेगा फायदा
कॉलेज के प्राचार्य डॉ संजय कुमार का कहना है कि पीजी सीटों में वृद्धि से मेडिकल शिक्षा और अस्पताल दोनों को मजबूती मिलेगी। इससे अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की संख्या बढ़ेगी, मरीजों को बेहतर और तेज इलाज मिलेगा और पीजी छात्रों की संख्या बढ़ने से रिसर्च और मेडिकल शिक्षा का स्तर भी बेहतर होगा।
राज्य के छात्रों के लिए बड़े अवसर
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि सीटों में वृद्धि से झारखंड के छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए दूसरे राज्यों में जाने की जरूरत कम पड़ेगी। इससे राज्य में ही मेडिकल शिक्षा के बेहतर अवसर मिलेंगे और स्थानीय स्तर पर ही उन्नत शिक्षा उपलब्ध होगी। कुल मिलाकर, MGM मेडिकल कॉलेज में सीट बढ़ोतरी से छात्र, मरीज और मेडिकल शिक्षा तीनों को बड़ा लाभ मिलने वाला है।