Johar Live Desk : इंडिगो एयरलाइन की लगातार बिगड़ती स्थिति पर केंद्र सरकार अब कड़ा रुख अपनाने लगी है। चार दिनों तक यात्रियों की शिकायतें बढ़ने के बाद सिविल एविएशन मंत्रालय ने शनिवार को आदेश दिया कि इंडिगो रविवार रात 8 बजे तक सभी बकाया रिफंड लौटाए। साथ ही एयरलाइन को 48 घंटे के भीतर यात्रियों का सामान वापस करने का निर्देश दिया गया है।
सरकार ने अन्य एयरलाइंस को भी चेताया है कि वे बढ़ी हुई मांग का फायदा उठाकर किराया न बढ़ाएं, नहीं तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। शनिवार को भी देशभर के कई हवाईअड्डों पर यात्रियों ने रिफंड न मिलने और बैग न मिलने की शिकायतें कीं। मुंबई एयरपोर्ट पर तो लोग चार दिन से सामान न मिलने के कारण कर्मचारियों से बहस करते दिखाई दिए।
इसी बीच, इंडिगो की उड़ानों में अव्यवस्था का दौर पांचवें दिन भी जारी रहा। PTI के अनुसार दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और चेन्नई समेत कई शहरों से 400 से ज्यादा फ्लाइटें रद्द करनी पड़ीं। पिछले चार दिनों में यह संख्या 2,000 से अधिक हो गई है। हर दिन लगभग 500 उड़ाने देर से चल रही हैं।
इंडिगो की यह स्थिति DGCA के नए नियम लागू होने के बाद और खराब हुई है। फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) के तहत पायलटों और क्रू मेंबर्स को ज्यादा आराम देने का प्रावधान किया गया है। 1 नवंबर से लागू हुए दूसरे चरण के नियमों के कारण एयरलाइन में स्टाफ की कमी गंभीर रूप से बढ़ गई।
स्थिति को संभालने के लिए DGCA ने इंडिगो को 10 फरवरी 2026 तक अस्थायी राहत दी है और वीकली रेस्ट से जुड़ी सख्ती को फिलहाल वापस ले लिया है।


