Palamu : नेशनल हाईवे के निर्माण से जुड़े सिंगरा और चियांकी स्थल पर रंगदारी वसूलने की योजना बनाकर फायरिंग करने वाले सुजीत सिन्हा और प्रिंस खान गिरोह से जुड़े 8 अपराधियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इन अपराधियों के पास से कई देशी हथियार और गोलियां भी बरामद की गई हैं। यह कामयाबी मेदिनीनगर की सदर थाना पुलिस ने हासिल की। पलामू एसपी रिष्मा रमेशन ने बताया कि सुजीत सिन्हा और प्रिंस खान के गिरोह अब एक साथ अपराध कर रहे थे। दोनों गिरोह मिलकर रंगदारी वसूलने और निर्माण स्थलों पर डर फैलाने के लिए फायरिंग की योजना बना रहे थे। गुरुवार को पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि चियांकी ओवरब्रिज और सिंगरा स्थित निर्माण कंपनी के अस्थाई कैंप पर गोलीबारी की साजिश है।
एसपी ने बताया कि योजना के अनुसार अगर फायरिंग सफल हो जाती, तो अपराधियों ने सुजीत सिन्हा का नाम केस में दिखाने का और प्रिंस खान का नाम छुपाने का प्रयास किया था। इसके पीछे मकसद था कि प्रिंस खान जो विदेश में है, पुलिस तक न पहुंच सके। सूचना मिलने के बाद प्रभारी सदर एसडीपीओ राजीव रंजन के नेतृत्व में सदर, पड़वा और टीओपी वन टाइगर पुलिस तथा तकनीकी शाखा की स्पेशल टीम ने छापेमारी की। इस कार्रवाई में चियांकी ओवरब्रिज, सिंगरा फोरलेन अमानत नदी के पास और सिंगरा निर्माणाधीन ओवरब्रिज से कुल 8 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार अपराधियों में गढ़वा भवनाथपुर के मेरौनी निवासी अमित चौधरी उर्फ रितिक चौधरी (25), पलामू के लेस्लीगंज चौरा के आकाश शुक्ला (25), तरहसी छकनाडीह के कौशल पासवान उर्फ सौरभ कुमार (19), सदर पोखराहा के नीरज चन्द्रवंशी (20), हैदरनगर रजबंधा के छोटन पासवान उर्फ एलेक्स पीहु (25), पाटन कुमराहा के अख्तर अंसारी (19), लेस्लीगंज हरतुआ के अविनाश गिरि (25) और पाटन सूठा के बॉबी कुमार राम (19) शामिल हैं।
एसपी ने बताया कि सभी आरोपी पहले भी जेल जा चुके हैं और जेल में ही इनकी मुलाकात हुई थी। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा के नाम पर मजदूरों में डर फैलाना चाहते थे। पुलिस ने आरोपियों के पास से दो देशी पिस्टल, दो देशी कट्टा, चार मैगजीन, 14 जिंदा कारतूस, सात मोबाइल फोन, तीन बाइक और एक धमकी भरा पर्चा बरामद किया है। गिरफ्तार अमित चौधरी को कुबेर नामक संदिग्ध के संपर्क में बताया गया, जिसे घटना के बाद विदेश भागना था। एसपी ने बताया कि आगे की कार्रवाई जारी है और सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है।
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