रांची: JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच अब सरकार और आंदोलनकारी छात्रों के बीच बातचीत की दिशा में पहल तेज हो गई है. JPSC-JSSC Reform Manch ने सरकार के साथ होने वाली वार्ता के लिए छात्र प्रतिनिधिमंडल की सूची जारी कर दी है. मंच ने स्पष्ट किया है कि वार्ता के दौरान सभी मांगें, तथ्य और पक्ष केवल छात्र प्रतिनिधि ही सरकार के समक्ष रखेंगे.
जारी सूची के अनुसार छात्र प्रतिनिधिमंडल में रविन्द्र पासवान, पीयूष कुमार सिंह, रविन्द्र कुमार रवि, राजेश प्रसाद, नीतू कुजूर, कार्तिक सोरेन, संदीप कुमार और शालू सिंह शामिल हैं.
वहीं, पत्रकार प्रतिनिधि (अभिभावक) के रूप में शंभूनाथ चौधरी और विकास वर्मा, जबकि कानूनविद (अभिभावक) के रूप में अजीत कुमार प्रतिनिधिमंडल के साथ मौजूद रहेंगे.
मंच ने स्पष्ट किया है कि पत्रकार और कानूनविद केवल छात्रों के अभिभावक एवं मार्गदर्शक की भूमिका निभाएंगे. वे किसी भी प्रकार की बातचीत, बयान या मांग सरकार के समक्ष प्रस्तुत नहीं करेंगे. साथ ही मीडिया से जुड़े अभिभावकों को बैठक स्थल के अंदर माइक, कैमरा, रिकॉर्डिंग डिवाइस या किसी भी प्रकार का साउंड सिस्टम ले जाने की अनुमति नहीं होगी. पूरी वार्ता छात्र प्रतिनिधियों के नेतृत्व में शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संचालित की जाएगी.
25 जुलाई से जारी है आंदोलन
बता दें, JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं, पारदर्शिता की कमी और भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग को लेकर छात्र 25 जुलाई 2026 से आंदोलन कर रहे हैं. रांची में शुरू हुआ यह आंदोलन लगातार व्यापक होता गया और अब यह राज्यव्यापी छात्र आंदोलन का रूप ले चुका है. छात्र भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता, विवादित परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच, समयबद्ध परीक्षा कैलेंडर और परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार की मांग कर रहे हैं. 5 अगस्त को सरकार की ओर से SDM और ADM की टीम छात्रों से बातचीत के लिए प्रस्ताव लेकर गई थी.
सरकार से बातचीत पर टिकी निगाहें
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा आंदोलनकारी छात्रों से बातचीत की इच्छा जताने के बाद प्रतिनिधिमंडल का गठन किया गया है. छात्र नेताओं का कहना है कि सरकार के साथ होने वाली वार्ता में आंदोलन की सभी प्रमुख मांगों को विस्तार से रखा जाएगा. माना जा रहा है कि यह बैठक आंदोलन के भविष्य और सरकार की आगे की रणनीति तय करने में अहम साबित हो सकती है.
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