Koderma : सतगावां प्रखंड इन दिनों जंगली हाथियों के आतंक से बुरी तरह प्रभावित है। पिछले तीन दिनों से हाथियों का झुंड लगातार गांवों में घुसकर घूमता मचा रहा है। कटैया गांव के पास 30 वर्षीय मोहित कुमार हाथियों के झुंड की चपेट में आ गया। बताया जा रहा है कि हाथियों ने उसे बढ़ाकर पटक दिया और बुरी तरह कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घर का चिराग बुझा, परिवार बेसहारा
तक अपने पीछे पत्नी और चार छोटे बच्चों को छोड़ गया है। घर का कमाने वाला सदस्य चले जाने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
गांवों में लगातार नुकसान, लोग दहशत में
इससे पहले शुक्रवार रात हाथियों ने गजहर गांव में संजू देवी के घर का दरवाजा तोड़ दिया और करीब 10 क्विंटल अनाज समेत घर का सामान नष्ट कर दिया। बर्तन, कपड़े और ड्रम तक हाथियों ने तोड़ डाले।
सड़क पर उतरे गुस्साए ग्रामीण
घटना के बाद रविवार सुबह ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। लोगों ने गया-देवघर मुख्य मार्ग को कटैया मोड़ के पास जाम कर दिया और मुआवजे व सुरक्षा की मांग को लेकर घंटों प्रदर्शन किया।
वन विभाग पर लापरवाही का आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों के लगातार हमले के बावजूद वन विभाग सिर्फ चेतावनी देकर जिम्मेदारी निभा रहा है, जबकि जमीनी स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा।
अधिकारियों ने दिया कार्रवाई का भरोसा
मौके पर पहुंचे वन विभाग के अधिकारियों ने पीड़ित परिवार को मुआवजा देने और हाथियों को इलाके से हटाने के लिए विशेष टीम तैनात करने का आश्वासन दिया है।
इलाके में बढ़ा हाथियों का मूवमेंट
पिछले दो महीनों में सतगावां, डोमचांच और मरकच्चो के सीमावर्ती इलाकों में हाथियों की आवाजाही तेजी से बढ़ी है, जिससे ग्रामीणों में लगातार दहशत बनी हुई है।