Ranchi : झारखंड में सामने आए ट्रेजरी घोटाले के बाद सरकार अलर्ट मोड में आ गई है। वित्तीय अनियमितताओं की आशंका को देखते हुए कई विभागों में कर्मचारियों के वेतन भुगतान पर अस्थायी रोक लगा दी गई है। सरकार ने सभी संबंधित कर्मचारियों का दोबारा सत्यापन (री-वेरिफिकेशन) शुरू कर दिया है। इसका उद्देश्य फर्जी नियुक्ति, डुप्लीकेट एंट्री और गलत भुगतान जैसे मामलों की जांच करना है।
वेतन भुगतान पर क्यों लगी रोक
सूत्रों के अनुसार, ट्रेजरी सिस्टम में गड़बड़ी और संदिग्ध लेनदेन के संकेत मिलने के बाद यह कदम उठाया गया है। जब तक सभी रिकॉर्ड का मिलान और सत्यापन पूरा नहीं हो जाता, तब तक वेतन जारी नहीं किया जाएगा। सरकार ने सभी विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने कर्मचारियों का डेटा अपडेट करें और सत्यापन प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता रखें। किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
कर्मचारियों में बढ़ी चिंता
वेतन रुकने से कर्मचारियों के बीच चिंता का माहौल है। हालांकि, प्रशासन का कहना है कि यह कदम व्यवस्था को पारदर्शी और भ्रष्टाचार मुक्त बनाने के लिए जरूरी है। अधिकारियों के मुताबिक, सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही वेतन भुगतान फिर से शुरू किया जाएगा। सरकार का फोकस है कि आगे ऐसी गड़बड़ियां दोबारा न हों।
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