Bettiah : पनौती के चनपटिया प्रखंड स्थित भैंसही रिफ्यूजी प्राथमिक विद्यालय में अचानक हड़कंप मच गया। कुछ बच्चों ने स्कूल के चापाकल का पानी पी लिया और तुरंत उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। उल्टी, पेट दर्द और चक्कर आने की शिकायत ने स्कूल में दहशत फैला दी।
कितने बच्चे बीमार हुए और उनकी पहचान
बताया गया है कि शुरुआत में चार-पांच बच्चे पानी पीने के बाद बीमार हुए। थोड़ी देर बाद कुछ और बच्चों ने भी वही पानी पी लिया। कुल मिलाकर लगभग 12 बच्चे बीमार हुए। जिनमें शामिल हैं पिंकी कुमारी, हिमांशु कुमार, प्रिंस कुमार, अरुण कुमार, शिवानी कुमारी, बिट्टू कुमार, साजन कुमार, सिमरन कुमारी, भोला कुमार, विशाल कुमार, कृष्णा कुमार और विकास कुमार।
तुरंत इलाज के इंतजाम
स्थिति बिगड़ते ही स्कूल प्रशासन ने सभी बच्चों को भैंसही अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा। वहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया। बाद में बेहतर इलाज के लिए बच्चों को एंबुलेंस से बेतिया के जीएमसीएच भेजा गया। सीएचसी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. प्रदीप कुमार ने मीडिया को बताया कि बच्चों की हालत फिलहाल स्थिर है, लेकिन एहतियात के तौर पर उन्हें रेफर किया गया है। उन्होंने कहा कि पानी की जांच के बाद ही बीमारी का सही कारण पता चलेगा।
विधायक ने दिए निर्देश
घटना की जानकारी मिलते ही चनपटिया विधायक अभिषेक रंजन ने जिला शिक्षा पदाधिकारी और जीएमसीएच प्रशासन से संपर्क किया। उन्होंने बच्चों के बेहतर इलाज और तुरंत सहायता की व्यवस्था करने का निर्देश दिया।
पानी की जांच की मांग
विद्यालय की प्रधानाध्यापिका माला कुमारी ने कहा कि बच्चे रोज इसी चापाकल का पानी पीते हैं। इसलिए अब पानी की गुणवत्ता की जांच बेहद जरूरी है। घटना के बाद अभिभावकों और स्थानीय लोगों में चिंता का माहौल है। सभी चाहते हैं कि पानी की जांच करवाई जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न हो। इस घटना ने स्कूल और आसपास के इलाके में डर और हलचल पैदा कर दी है। स्थानीय लोग प्रशासन से जल परीक्षण और सुरक्षित पेयजल की व्यवस्था की मांग कर रहे हैं।

