Close Menu
Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Johar LIVEJohar LIVE
    • होम
    • जेपीएससी / जेएसएससी
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    • होम
    • जेपीएससी / जेएसएससी
    • क्राइम
    • राजनीति
    • बिजनेस
    • झारखंड
    • आदिवासी
    • बिहार
    • स्वास्थ्य
    • पर्यावरण
    • स्पेशल स्टोरी
    • खेल-सिनेमा
    Johar LIVE
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Home»जोहार ब्रेकिंग»झारखंडियों में विदेश में रोजगार करने की होड़ 18 प्रतिशत बढ़ी, साल 2025 में 5819 गए बाहर, 69 लोगों की मौत
    जोहार ब्रेकिंग

    झारखंडियों में विदेश में रोजगार करने की होड़ 18 प्रतिशत बढ़ी, साल 2025 में 5819 गए बाहर, 69 लोगों की मौत

    joharlive NetworkBy joharlive NetworkSeptember 30, 2026Updated:September 30, 2026No Comments4 Mins Read12
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email Copy Link

    विजय उराँव

    बेहतर रोजगार की आस में झारखंड के युवाओं का विदेश रुख करना पिछले कुछ वर्षों में तेजी से बढ़ा है, लेकिन हाल ही में वियतनाम में हुई एक दर्दनाक घटना ने इस रास्ते की सुरक्षा पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.

    जमशेदपुर के विनय यादव और रांची के राजा कुमार वियतनाम के दलात शहर में योग प्रशिक्षक के तौर पर काम कर रहे थे. बीते 25 सितंबर को काम से लौटते समय एक सड़क हादसे में राजा की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि विनय ने दो दिन बाद अस्पताल में दम तोड़ दिया. इस घटना ने झारखंड से विदेशों में रोजी-रोटी कमाने जा रहे युवाओं और उनके परिवारों की चिंताओं को फिर से केंद्र में ला दिया है.

    झारखंड से विदेश रोजगार की बढ़ती तस्वीर: आंकड़े क्या कहते हैं?

    संसद में पेश किए गए आंकड़े गवाही देते हैं कि झारखंड के युवाओं का विदेश मोह लगातार बढ़ रहा है. विदेश मंत्रालय के अनुसार, ई-माइग्रेट पोर्टल के जरिए 2016 से 2025 के बीच झारखंड से कुल 37,409 इमिग्रेशन क्लीयरेंस जारी किए गए हैं.

    कोरोना काल (2020-21) में विदेश जाने वालों की संख्या में भारी गिरावट आई थी, लेकिन इसके बाद रफ्तार फिर तेज हुई और साल 2025 में अकेले 5,819 लोगों को इमिग्रेशन क्लीयरेंस मिला, जो 2016 के मुकाबले करीब 18 फीसदी अधिक है.

    साल 2016-25 तक विदेश गए झारखंड के कामगार /स्त्रोत : संसद

    झारखंड से बड़ी संख्या में कामगार गल्फ (खाड़ी) देशों का भी रुख करते हैं. आंकड़े बताते हैं कि सिर्फ तीन साल (2019 -2022) की अवधि में गल्फ देशों में झारखंड से जुड़े 69 भारतीय नागरिकों की मौत का रिकॉर्ड भी सामने आया था, जिनमें सऊदी अरब में 34, ओमान में 12, कुवैत में 10, यूएई में 9 और कतर में 4 मौतें शामिल थीं.

    खाड़ी देशों झारखंड के कामगारों के मौत के आंकड़े

    इसके अलावा, कोरोना महामारी और वंदे भारत मिशन के दौरान भी झारखंड के हजारों प्रवासी मजदूर (लगभग 5,246 लोग विदेशों से और कुल मिलाकर 5.30 लाख लोग विभिन्न हिस्सों से) अपने गृह राज्य लौटे थे.

    वियतनाम हादसा: सिर्फ एक दुर्घटना या बड़े खतरे की चेतावनी?

    वियतनाम में हुई विनय और राजा की मौत ने यह साबित कर दिया है कि विदेश में मिलने वाली नौकरी और चमक-धमक के पीछे अनिश्चितता और जोखिम भी कम नहीं हैं. आज झारखंड के युवा बेहतर भविष्य और अच्छी कमाई के लिए वियतनाम, गल्फ देशों और अन्य अंतरराष्ट्रीय बाजारों का रुख कर रहे हैं, लेकिन भाषा की बाधा, विदेशी कानूनों की जानकारी की कमी और सुरक्षा मानकों के अभाव में कई बार ऐसे सफर त्रासदियों में बदल जाते हैं.

    फिलहाल दोनों पीड़ित परिवारों को अपने बेटों के शवों के भारत लौटने का इंतजार है, जो विदेश में अपनों को खोने के दर्द को और बढ़ा रहा है.

    सरकार की नई पहल: विदेश जाने से पहले ट्रेनिंग पर जोर

    बढ़ते मामलों और विदेशों में पेश आने वाली चुनौतियों को देखते हुए अब झारखंड सरकार ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोजगार पाने वाले युवाओं के लिए सुरक्षात्मक और शैक्षणिक कदम उठाने शुरू किए हैं. झारखंड स्किल डेवलपमेंट मिशन सोसाइटी ने युवाओं को विदेशी भाषा और वहां के कामकाजी माहौल में ढालने के लिए केंद्र स्थापित करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं.

    इसके तहत विदेश रवाना होने से पहले युवाओं को जरूरी जानकारी, कानूनी प्रावधानों और सुरक्षा उपायों से लैस करने के लिए प्री-डिपार्चर ओरिएंटेशन ट्रेनिंग की योजना है. साथ ही, प्लेसमेंट के लिए बाहर जाने वाले उम्मीदवारों को राज्य सरकार के श्रमाधान पोर्टल पर रजिस्टर करने का प्रावधान किया गया है ताकि संकट के समय सरकार के पास उनका पूरा रिकॉर्ड उपलब्ध रहे.

    सुरक्षा के मोर्चे पर क्या उपाय मौजूद हैं?

    विदेश मंत्रालय के अनुसार, विदेशों में भारतीय मिशनों के पास प्रवासी कामगारों की सहायता के लिए लेबर विंग, 24 घंटे की हेल्पलाइन, शिकायत पोर्टल और प्रवासी सहायता केंद्र काम कर रहे हैं. आपात स्थिति या दुर्घटना के वक्त ‘भारतीय समुदाय कल्याण कोष’ के जरिए शवों को भारत लाने, कानूनी सहायता और मेडिकल मदद मुहैया कराई जाती है.

    लेकिन वियतनाम की यह घटना झारखंड के नीति-निर्माताओं और युवाओं दोनों के लिए एक चेतावनी है कि विदेशों में रोजगार के आंकड़े बढ़ाना ही काफी नहीं है, बल्कि वहां जाने वाले हर एक युवा की सुरक्षा, बीमा और संकट के समय त्वरित मदद की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित करना समय की सबसे बड़ी मांग है.

    Also Read : चालान नहीं भरा तो कट सकती है बिजली, देश भर में 45 हजार करोड़ का चालान बकाया

    Emigration Clearance jharkhand Jharkhand news Johar @8 AM migration इमिग्रेशन ओमान कतर कुवैत गल्फ देश झारखंड झारखंड के युवा प्रवासी भारतीय प्रवासी श्रमिक यूएई रोजगार विदेश में नौकरी विदेश में मौत विदेश रोजगार वियतनाम श्रमिक सुरक्षा सऊदी अरब
    Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on Instagram Follow on YouTube Follow on WhatsApp Follow on Telegram
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram WhatsApp Email Copy Link
    Previous Articleझारखंड पुलिसकर्मियों को जल्द मिलेगा प्रमोशन और बकाया लाभ, DGP ने 15 दिनों में काम पूरा करने का दिया आदेश
    Next Article आपको चारों तरफ से घेर लिया गया है…और बीच समंदर में पांच पाकिस्तानियों को इंडियन कोस्ट गार्ड ने धर दबोचा, 3000 करोड़ के ड्रग्स किए जब्त

    Related Posts

    जोहार ब्रेकिंग

    ओडिशा में भी चिंता करेंगे कि बीजेपी को दलितों का अधिक से अधिक वोट मिलेः नवनियुक्त राज्यपाल ब्रजमोहन राम

    October 13, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    राहुल गांधी पर धक्का-मुक्की के आरोपों पर महुआ माजी बोलीं- हमारा प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, भीड़ में आगे बढ़ने के दौरान ऐसा होता है

    October 13, 2026
    झारखंड

    झारखंड : नशा सिर्फ कानून व्यवस्था की नहीं, परिवार और समाज के भविष्य जुड़ा का गंभीर मुद्दा है – उमाशंकर सिंह

    October 13, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    कर्नाटक : हाईकोर्ट ने 50 प्रतिशत सीमा SC-ST का बढ़ा आरक्षण रद्द, सिद्धारमैया ने भाजपा को घेरा

    October 13, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    झारखंड: साल 2004 से कभी जीत नहीं पाए चुनाव, अब सीधे बने राज्यपाल, जानिये ब्रजमोहन राम का पूरा पॉलिटिकल करियर क्या रहा

    October 13, 2026
    जोहार ब्रेकिंग

    देश के सभी हाईकोर्ट में भगवा समूह के जज बैठे हैं, ऐसे विचार वाले आसानी से जज बनाए जा रहे हैः पूर्व जस्टिस के चंद्रू

    October 13, 2026
    Latest Posts

    ओडिशा में भी चिंता करेंगे कि बीजेपी को दलितों का अधिक से अधिक वोट मिलेः नवनियुक्त राज्यपाल ब्रजमोहन राम

    October 13, 2026

    राहुल गांधी पर धक्का-मुक्की के आरोपों पर महुआ माजी बोलीं- हमारा प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, भीड़ में आगे बढ़ने के दौरान ऐसा होता है

    October 13, 2026

    झारखंड : तीन साल से कोई नया केस नहीं, फिर भी रांची से किया गया था जिला बदर, हाईकोर्ट ने आदेश किया रद्द

    October 13, 2026

    झारखंड : नशा सिर्फ कानून व्यवस्था की नहीं, परिवार और समाज के भविष्य जुड़ा का गंभीर मुद्दा है – उमाशंकर सिंह

    October 13, 2026

    कर्नाटक : हाईकोर्ट ने 50 प्रतिशत सीमा SC-ST का बढ़ा आरक्षण रद्द, सिद्धारमैया ने भाजपा को घेरा

    October 13, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    © 2026 Johar LIVE. | About Us | AdSense Policy | Privacy Policy | Terms and Conditions | Contact Us.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.