New Delhi : दिल्ली के तुर्कमान गेट स्थित फैज-ए-इलाही मस्जिद और आसपास के कब्रिस्तान से सटी जमीन पर अतिक्रमण हटाने के लिए दिल्ली नगर निगम (MCD) ने बुधवार तड़के बुलडोजर कार्रवाई की। यह कार्रवाई दिल्ली हाई कोर्ट के आदेशों के तहत की गई।
स्थानीय लोगों ने देर रात की इस कार्रवाई का विरोध किया और देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई। भीड़ ने पुलिस और कार्रवाई कर रही टीम पर पत्थरबाजी की। इस दौरान कम से कम पांच पुलिसकर्मी घायल हुए, जिन्हें तुरंत मेडिकल मदद दी गई। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और हल्का बल प्रयोग किया।
एमसीडी ने मस्जिद के पास अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए 32 जेसीबी, 4 पोकलेन मशीन, न्यूमेटिक हैमर और कई ट्रक का इस्तेमाल किया। बरात घर का एक हिस्सा, दो दुकानें और तीन डिस्पेंसरी को बुलडोजर से तोड़ा गया। दिल्ली नगर निगम के डीसी विवेक अग्रवाल ने बताया कि हाई कोर्ट के आदेश के बाद यह लगभग 36,400 वर्ग फुट क्षेत्र में कार्रवाई की गई। मस्जिद के आसपास की जमीन अब सुरक्षित है।
सेंट्रल रेंज के ज्वाइंट कमिश्नर ऑफ पुलिस मधुर वर्मा ने कहा कि अतिक्रमण हटाने के दौरान कुछ उपद्रवियों ने पत्थरबाजी कर अशांति फैलाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने संयम और न्यूनतम बल का प्रयोग कर स्थिति तुरंत नियंत्रित कर ली। डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (सेंट्रल) निधिन वलसन ने बताया कि जब MCD की मशीनरी पहुंची, तब लगभग 100-150 लोग इकट्ठा हुए। अधिकांश को समझाने पर चले गए, लेकिन कुछ ने हंगामा किया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बरात घर बाद में बनाया गया था, पहले वहां कब्रिस्तान था। कुछ लोगों ने इसे अवैध बताया।
दिल्ली हाई कोर्ट ने मंगलवार को इस कार्रवाई को चुनौती देने वाली याचिका पर एमसीडी, डीडीए, शहरी विकास मंत्रालय, पीडब्ल्यूडी और दिल्ली वक्फ बोर्ड से जवाब मांगा है।


