झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को मोरहाबादी स्थित शिबू सोरेन आवास पहुंचकर दिशोम गुरु शिबू सोरेन की पहली पुण्यतिथि पर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी. इस दौरान मुख्यमंत्री ने अपने पिता और मार्गदर्शक को याद किया और उनके विचारों को नमन किया. श्रद्धांजलि देने के बाद मीडिया से बातचीत में सीएम हेमंत सोरेन ने राज्य के कई अहम मुद्दों पर अपनी बात रखी. इनमें सबसे प्रमुख JPSC विवाद और छात्रों का जारी आंदोलन रहा.
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार पूरे मामले को लेकर गंभीर है और हर पहलू पर नजर रखी जा रही है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर सरकार अपना फैसला सामने रखेगी.
गुरुजी मेरे पिता ही नहीं, मार्गदर्शक भी थे: हेमंत सोरेन
दिशोम गुरु शिबू सोरेन को याद करते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भावुक नजर आए. उन्होंने कहा कि गुरुजी उनके पिता होने के साथ-साथ उनके जीवन के सबसे बड़े मार्गदर्शक भी रहे हैं. उनकी पहली पुण्यतिथि पर आज पूरा झारखंड उन्हें श्रद्धा के साथ याद कर रहा है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिबू सोरेन का संघर्ष और उनके विचार झारखंड की पहचान से जुड़े हुए हैं. उन्होंने अपने जीवन में हमेशा राज्य और यहां के लोगों के हित की बात की. उनके विचार आने वाले समय में भी झारखंड के विकास की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहेंगे.
JPSC विवाद पर सरकार की पैनी नजर
राज्य में JPSC विवाद को लेकर लगातार उठ रहे सवालों पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सरकार का रुख साफ किया. उन्होंने कहा कि सरकार इस पूरे मामले पर पूरी सतर्कता के साथ नजर बनाए हुए है. मुख्यमंत्री ने अपनी बात पर जोर देते हुए कहा, “सरकार की आंख भी है, नाक भी है, हाथ भी है.” उनके इस बयान का मतलब साफ था कि सरकार पूरे मामले की हर गतिविधि पर नजर रख रही है और किसी भी पहलू को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है.
सीएम ने कहा कि सरकार पूरी तरह सजग है और राज्य के हित को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई की जा रही है. जांच एजेंसियां भी अपनी भूमिका निभा रही हैं और मामले से जुड़े तथ्यों को सामने लाने की कोशिश जारी है.
JPSC-JSSC समेत विभिन्न परीक्षाओं में सुधार और कथित गड़बड़ियों की जांच की मांग को लेकर छात्र पिछले कई दिनों से आंदोलन कर रहे हैं. रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में भी छात्रों का प्रदर्शन जारी है. छात्र परीक्षाओं में पारदर्शिता और सुधार के साथ कई मामलों की जांच CBI से कराने की मांग कर रहे हैं.
छात्रों के आंदोलन को लेकर पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार इस विषय को लेकर पहले से ही गंभीर है और जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों और उनकी चिंताओं को सरकार समझ रही है.
उचित समय पर लिया जाएगा ठोस फैसला
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि छात्रों की मांगों और उनकी जिज्ञासाओं को ध्यान में रखते हुए उचित समय पर ठोस निर्णय लिया जाएगा. उन्होंने उम्मीद जताई कि राज्य के छात्रों और युवाओं को सरकार की नीयत और मंशा पर भरोसा होगा. सीएम ने यह भी कहा कि राज्य में प्रशासनिक स्तर पर सभी जरूरी गतिविधियां जारी हैं. जांच एजेंसियां भी सक्रिय भूमिका निभा रही हैं और पूरे मामले को गंभीरता से देखा जा रहा है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि जहां कहीं भी किसी तरह की गड़बड़ी या अनियमितता हुई होगी, उसकी गहनता से जांच की जा रही है. सरकार की कोशिश है कि जांच के दौरान सभी तथ्यों को निष्पक्ष तरीके से सामने लाया जाए. यानी फिलहाल सरकार जांच के नतीजों का इंतजार कर रही है और उसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी.
मुख्यमंत्री के इस बयान से साफ है कि JPSC विवाद और छात्रों के आंदोलन को लेकर सरकार फिलहाल जांच और तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ने की रणनीति पर काम कर रही है. वहीं, छात्रों की ओर से लगातार अपनी मांगों को लेकर आंदोलन जारी है. ऐसे में अब सबकी नजर जांच के नतीजे और सरकार के अगले कदम पर टिकी है.
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