खूँटी: आगामी दुर्गा पूजा के दौरान शांति, सुरक्षा और विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए खूँटी पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं. शुक्रवार, 16 अक्टूबर को पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन में पुलिस पदाधिकारियों और जवानों को विशेष ब्रीफिंग दी. इस दौरान पूजा पंडालों में भीड़ प्रबंधन, महिला एवं बाल सुरक्षा, रात्रि गश्ती और यातायात व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया.
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पूजा पंडालों और सार्वजनिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए. उन्होंने संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई करने और असामाजिक तत्वों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया. वहीं भीड़ प्रबंधन, महिला सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने को कहा है.
पुलिस अधीक्षक महोदय द्वारा ब्रीफिंग के दौरान निम्नलिखित महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए—
- सतर्कता एवं मुस्तैदी : सभी पुलिस पदाधिकारी एवं जवान अपने प्रतिनियुक्ति स्थल पर पूरी सतर्कता के साथ ड्यूटी करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें.
- महिला एवं बाल सुरक्षा : पूजा पंडालों एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में महिलाओं एवं बच्चों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देते हुए छेड़खानी, अभद्र व्यवहार एवं अन्य अवांछनीय गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखें.
- रात्रि गश्ती एवं चोरी की रोकथाम : पर्व के दौरान चोरी एवं अन्य संपत्ति संबंधी अपराधों की आशंका को देखते हुए रात्रि गश्ती को और अधिक प्रभावी बनाया जाए. विशेषकर आभूषण प्रतिष्ठानों, बैंकों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों एवं संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जाए.
- यातायात एवं पार्किंग व्यवस्था : पूजा पंडालों के आसपास सुगम यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तथा निर्धारित पार्किंग स्थलों पर वाहनों की सुव्यवस्थित पार्किंग कराई जाए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो.
- CCTV निगरानी एवं अग्नि सुरक्षा : पूजा पंडालों एवं प्रमुख स्थलों पर स्थापित CCTV कैमरों की क्रियाशीलता की नियमित जाँच की जाए. साथ ही अग्निशामक यंत्रों (Fire Extinguishers) की उपलब्धता एवं कार्यशीलता सुनिश्चित कराई जाए.
- अनुशासन एवं वर्दी का रखरखाव : सभी पुलिस पदाधिकारी एवं जवान निर्धारित वर्दी को सही एवं व्यवस्थित ढंग से धारण करें तथा ड्यूटी के दौरान अनुशासन एवं पेशेवर आचरण बनाए रखें.
- जनता के प्रति संवेदनशील व्यवहार : आम नागरिकों एवं श्रद्धालुओं के साथ शालीन, विनम्र, सहयोगात्मक एवं संवेदनशील व्यवहार करें. विशेषकर महिलाओं, बच्चों,बुजुर्गों एवं जरूरतमंद व्यक्तियों को प्राथमिकता के आधार पर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराएँ.
पुलिस अधीक्षक महोदय ने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि पुलिस की सतर्कता के साथ-साथ उसका व्यवहार भी जनता में सुरक्षा एवं विश्वास की भावना उत्पन्न करने वाला होना चाहिए. उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि ड्यूटी के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही एवं अनुशासनहीनता स्वीकार्य नहीं होगी.

अंत में पुलिस अधीक्षक महोदय ने सभी पुलिस पदाधिकारियों एवं कर्मियों को आपसी समन्वय, तत्परता एवं कर्तव्यनिष्ठा के साथ कार्य करते हुए दुर्गा पूजा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने हेतु निर्देशित किया.
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