Garhwa : गढ़वा में प्रशासन ने स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की दिशा में एक नई पहल शुरू की है। एसडीएम संजय कुमार की पहल ‘कॉफी विद एसडीएम’ के तहत बुधवार को एक विशेष संवाद कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। अंतर्राष्ट्रीय नर्सिंग दिवस के अवसर पर होने वाला यह कार्यक्रम स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़े अहम मुद्दों पर खुलकर चर्चा का मंच बनेगा। यह कार्यक्रम सुबह 11 बजे अनुमंडल कार्यालय सभागार में आयोजित होगा। इस बार जिले के अलग-अलग अस्पतालों, स्वास्थ्य केंद्रों और चिकित्सा केंद्रों में काम कर रहे नर्सिंग कर्मियों, प्रशिक्षकों नर्सों और नर्सिंग क्षेत्र से जुड़े अन्य लोगों को इसमें शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है। प्रशासन का कामकाज है कि नौकरियों के सबसे करीब रहने वाले स्वास्थ्य कर्मियों के अनुभव और सुझाव व्यवस्था को बेहतर में काफी मददगार हो सकते हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत समझने की कोशिश
एसडीएम संजय कुमार का कहना है कि नर्सिंग कर्मी स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ हैं। मरीजों की देखभाल से लेकर आपात स्थिति तक, सबसे ज्यादा जिम्मेदारी इन्हीं के कंधों पर होती है। ऐसे में उनकी समस्याओं, कामकाजी हालात और अनुभवों को समझना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि नर्सों के सुझावों के आधार पर स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाया जा सकता है। यह सिर्फ एक औपचारिक बैठक नहीं, बल्कि जमीनी फीडबैक लेने की गंभीर कोशिश है।
अविश्वास के माहौल में संवाद की पहल
हाल के दिनों में कई जगह डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों पर लापरवाही के आरोप लगते रहे हैं। दूसरी तरफ स्वास्थ्य कर्मियों की अपनी परेशानियां भी कम नहीं हैं। काम का दबाव, संसाधनों की कमी और लगातार मानसिक तनाव जैसी चुनौतियां उनके सामने रहती हैं।ऐसे माहौल में ‘कॉफी विद एसडीएम’ का यह कार्यक्रम प्रशासन और स्वास्थ्य कर्मियों के बीच सीधा संवाद बढ़ाने की कोशिश माना जा रहा है। उम्मीद है कि इससे आपसी भरोसा मजबूत होगा और समस्याओं के समाधान का रास्ता निकलेगा।एसडीएम ने साफ कहा है कि कार्यक्रम में वही नर्सिंग कर्मी शामिल हों जो उस समय ड्यूटी पर नहीं हों, ताकि अस्पतालों और स्वास्थ्य सेवाओं पर कोई असर न पड़े। उन्होंने सभी इच्छुक नर्सिंग कर्मियों से समय पर पहुंचकर इस संवाद का हिस्सा बनने और खुलकर अपनी बात रखने की अपील की है।
