Ranchi : प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन तृतीय प्रस्तुति समिति (TSPC) के सब जोनल कमांडर आदिल जफर उर्फ आदिल अंसारी उर्फ देवा जी उर्फ बबलु अंसारी को पुलिस ने लोहरदगा शहर से गिरफ्तार कर लिया है। वह कई उग्रवादी घटनाओं, रंगदारी वसूली और फायरिंग की वारदातों में शामिल रहा है और लंबे समय से फरार चल रहा था।
रांची एसएसपी राकेश रंजन को बीते 26 फरवरी को गुप्त सूचना मिली कि आदिल अंसारी लोहरदगा के ईदगाह मोहल्ला स्थित एक किराये के मकान में छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही टीम का गठन किया गया। खलारी डीएसपी के नेतृत्व में खलारी थाना और मैक्लुस्कीगंज थाना की टीम तथा सशस्त्र बल के जवानों को छापेमारी में लगाया गया।
पुलिस को देखते ही पहली मंजिल से कूद पड़ा आदिल
छापेमारी दल ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से मकान की घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही आदिल अंसारी ने पहली मंजिल से कूदकर भागने की कोशिश की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने उसे तत्काल सदर अस्पताल लोहरदगा पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए उसे रिम्स, रांची रेफर किया गया, जहां वह इलाजरत है।
रंगदारी और धमकी का नेटवर्क
पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि आदिल अंसारी पहले TSPC के कमांडर संजय उरांव उर्फ ऋषिकेश के साथ काम करता था। संगठन में सक्रिय रहते हुए उसने खलारी, पिपरवार, मैक्लुस्कीगंज और बुढ़मू क्षेत्र में व्यवसायियों, ठेकेदारों, ईंट भट्ठा मालिकों और कोयला कारोबारियों को फोन व व्हाट्सएप के माध्यम से धमकी देकर लेवी की मांग की।
लेवी नहीं देने पर गोलीबारी और अपहरण जैसी घटनाओं को अंजाम दिया गया।
- 8 दिसंबर 2024 को एक सड़क निर्माण कंपनी के साइट इंजीनियर को TSPC का पर्चा भेजकर जान से मारने की धमकी दी गई।
- 26 दिसंबर 2024 को कांके निवासी व्यक्ति से व्हाट्सएप पर लेवी मांगी गई।
- 20 फरवरी 2025 को मंगरदाहा निवासी आशिक अली का अपहरण कर मारपीट की गई।
- 10 फरवरी 2025 को चुरी गेट के पास मंगु होटल के सामने हवाई फायरिंग कर दहशत फैलाने की कोशिश की गई।
- दिसंबर 2025 में एक जमीन कारोबारी को व्हाट्सएप पर गोली मारने की धमकी दी गई।
18 दिसंबर 2025 को मैक्लुस्कीगंज थाना क्षेत्र में लेवी लेने पहुंचे उसके दो साथियों को पुलिस ने अवैध हथियार और नकदी के साथ गिरफ्तार किया था। उस समय आदिल मौके से फरार हो गया था।
बरामद सामान
गिरफ्तारी के दौरान उसके पास से तीन की-पैड मोबाइल, एक स्मार्टफोन, दो राउटर और TSPC के चार पर्चे बरामद किए गए हैं। पुलिस इन उपकरणों की जांच कर रही है, ताकि संगठन के अन्य सदस्यों और नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
कई थानों में दर्ज हैं मामले
आदिल अंसारी के खिलाफ पिपरवार, कांके, मैक्लुस्कीगंज और खलारी थाना में रंगदारी, धमकी, अपहरण, फायरिंग और आर्म्स एक्ट से जुड़े कई मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार वह खलारी और आसपास के इलाकों में काफी सक्रिय था और उसकी गिरफ्तारी एक बड़ी सफलता मानी जा रही है।
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